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प्राइवेट विद्यालयों को खाते में भेजना होगा शिक्षकों का वेतन

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प्राइवेट विद्यालयों को खाते में भेजना होगा शिक्षकों का वेतन
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माध्यमिक शिक्षा निदेशक ने आदेश का पालन कराए जाने के दिए निर्देश
माध्यमिक शिक्षा परिषद, संस्कृत माध्यमिक शिक्षा परिषद, सीबीएसई, आईसीएसई बोर्ड पर लागू होगा नियम
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। मान्यता प्राप्त प्राइवेट विद्यालयों के शिक्षकों और शिक्षणेतर कर्मियों को वेतन देने में मनमानी नहीं चलेगी। अब उन्हें जो भी वेतन देेना होगा वह खाते में भेजेंगे। यह आदेश माध्यमिक शिक्षा से मान्यता प्राप्त सभी प्रकार के बोर्डों पर लागू होगा। शासन के इस निर्णय से प्राइवेट विद्यालय में शिक्षण कार्य कर रहे शिक्षकों और शिक्षणेतर कर्मियों में खुशी है।
कोरोना काल के दौरान कई प्राइवेट विद्यालय बंद रहे और ऑनलाइन शिक्षा के नाम पर छात्रों से फीस वसूल करते रहे। फीस वसूल किए पर शिक्षकों को वेतन देने के बारी आई तो बताया कि विद्यालय बंद चल रहे है। इससे परेशानी है। विद्यालय खुलने पर शिक्षकों को वेतन जारी किया जाएगा। इससे शिक्षक मानसिक परेशानी का सामना किए। यह मामला सीएम योगी आदित्यनाथ के संज्ञान में आया तो उन्होंने इसके लिए अलग से एक कमेटी गठित की और कमेटी का निर्णय आया कि अब सभी प्रकार के वेतन खाते में भेजे जाएं। शासन के निर्णय के बाद माध्यमिक शिक्षा निदेशक विनय कुमार पांडेय ने निर्देश जारी कर कहा है कि माध्यमिक शिक्षा परिषद, संस्कृत माध्यमिक शिक्षा परिषद, सीबीएसई, आईसीएसई बोर्ड व अन्य बोर्डों से संचालित मान्यता प्राप्त विद्यालय में कार्यरत शिक्षक व शिक्षणेतर कर्मियों का वेतन अब उनके खाते में भेजा जाए। किसी भी हालत में शिक्षकों और शिक्षणेतर कर्मियों को नकद वेतन न दिया जाए। यह भी सुनिश्चित किया जाए की शिक्षकों को जितना वेतन मिलना चाहिए, उतने का भुगतान हो रहा है कि नहीं। इस पर नजर रखी जाए। अगर कोई शिक्षक कम वेतन मिलने की शिकायत करता है तो उसकी जांच कराई जाए और विद्यालय पर दंडात्मक कार्रवाई के साथ ही जुर्माना भी लगाया जाए।
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कोट
शासन ने निर्देश जारी किया है सभी प्रकार के बोर्डों से संचालित विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों व शिक्षणेतर कर्मियों का वेतन खाते में भेजा जाएगा। इसके लिए समस्त मान्यता प्राप्त विद्यालयों के प्रधानाचार्यों को निर्देश दिए गए हैं कि अगले माह से खाते में वेतन भेजकर उसकी सूचना डीआईओएस कार्यालय को उपलब्ध कराएं।
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-गिरीश कुमार सिंह, डीआईओएस
वित्तविहीन शिक्षकों के खाते में भेजा जाए वेतन
शासन के निर्णय का स्वागत करते हुए माध्यमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष संजय द्विवेदी ने कहा कि वित्तविहीन मान्यता प्राप्त विद्यालयों के शिक्षकों को प्रदत्त वेतन का भुगतान प्रबंधतंत्र के जरिए शिक्षकों व शिक्षणेतर कर्मियों के खाते में भेजा जाए। ताकि वित्तविहीन शिक्षकों को सम्मानजनक मानदेय मिल सके। उन्होंने कहा कि शासन का यह निर्णय सराहनीय है। इससे वित्तविहीन शिक्षकों को लाभ मिलेगा।
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