छह बार कांग्रेस तो चार बार भाजपा जमा चुकी है कब्जा
मेंहदावल विधानसभा सीट : पहली महिला सीएम सुचेता कृपलानी ने यहीं से लड़ा था चुनाव
शोभित कुमार पांडेय
संतकबीरनगर। सूबे को पहली महिला मुख्यमंत्री देने वाली मेंहदावल विधानसभा सीट पर अब तक के चुनावों में हाथी कभी जनता का साथी नहीं बन पाया। इसी सीट पर छह बार कांग्रेस तो चार बार भाजपा कब्जा जमा चुकी है। जबकि चार बार सपा भी इस सीट पर जीत दर्ज कर चुकी है।
1962 में इस सीट से प्रदेश की पहली महिला मुख्यमंत्री सुचेता कृपालानी ने कांग्रेस के बैनर तले चुनाव जीता था। जबकि 1967 के चुनाव में जनसंघ के चंद्रशेखर सिंह ने कांग्रेस के रामशंकर पर जीत हासिल की थी। दो वर्ष बाद 1969 में कांग्रेस ने एक बार फिर इस सीट पर कब्जा जमा लिया। इस बार स्वतंत्रता संग्राम सेनानी रहे पंडित लालसा प्रसाद मिश्र ने जनसंघ के चंद्रशेखर सिंह को हराया। 1974 में जनसंघ से और 1977 में जनता पार्टी से चंद्रशेखर सिंह विधायक चुने गए। उन्हें मंत्री भी बनाया गया, लेकिन इसके बाद लगातार दो बार कांग्रेस ने इस सीट पर कब्जा जमाए रखा। 1980 में मोहम्मद नवी खां और 1985 में अफसर यू अहमद कांग्रेस से जीत कर विधानसभा पहुंचे। इसके बाद बीजेपी ने इस सीट पर हैट्रिक लगाई। 1989, 1991 और 1993 में चंद्रशेख सिंह लगातार विधायक चुने गए। उन्हें मंत्री भी बनाया गया। इसके बाद लगातार चार बार इस सीट पर सपा का कब्जा रहा। 1996, 2002 और 2007 के चुनाव में सपा के अब्दुुुल कलाम ने बाजी मारी, जबकि 2012 के चुनाव में पूर्व राज्यमंत्री लक्ष्मीकांत उर्फ पप्पू निषाद विधायक चुने गए। वर्ष 2017 के चुुनाव में भाजपा के राकेश सिंह बघेल चुनाव जीते।
इंसेट
दल बदल कर कई प्रत्याशी चुनाव मैैैदान में थे
2012 के चुनाव में पीस पार्टी और 2017 के चुनाव में बसपा से प्रत्याशी रहे अनिल कुमार त्रिपाठी इस बार चुनाव में भाजपा और निषाद पार्टी के गठबंधन के प्रत्याशी हैं। पिछले दोनों चुनावों में वे दूसरे स्थान पर रहे। जबकि 2007 में बसपा से खेसरहा विधानसभा सीट से विधायक चुने गए मोहम्मद ताबिश खां 2017 के चुनाव में बसपा से टिकट नहीं पाए तो वे मेंहदावल विधानसभा सीट से ओवैसी की पार्टी एआईएमआईएस से चुनाव लड़े थे। इस बार के चुनाव में मोहम्मद ताबिश खां बसपा से प्रत्याशी हैं। जबकि 2017 के चुनाव में सपा से चुनाव लड़े जयराम पांडेय फिर सपा के प्रत्याशी हैं। कांग्रेस से रफीका खातून, पीस पार्टी से मीनू सिंह और आम आदमी पार्टी से अखिलेश पांडेय समेत कुल 13 प्रत्याशी चुनाव मैदान में है।
इंसेट
वर्ष विजेता दल
1951 - राजाराम शर्मा कांग्रेस
1957- राजाराम शर्मा कांग्रेस
1962- सुचेता कृपलानी कांग्रेस
1967- चंद्रशेखर सिंह जनसंघ
1969- लालसा प्रसाद कांग्रेस
1974- चंद्रशेखर सिंह जनसंघ
1977- चंद्रशेखर सिंह जनता पार्टी
1980- मोहम्मद नवी खां कांग्रेस
1985- अफसर यू अहमद कांग्रेस
1989- चंद्रशेखर सिंह बीजेपी
1991- चंद्रशेखर सिंह बीजेपी
1993- चंद्रशेखर सिंह बीजेपी
1996- अब्दुल कलाम सपा
2002- अब्दुल कलाम सपा
2007- अब्दुल कलाम सपा
2012- लक्ष्मीकांत सपा
2017- राकेश सिंह बघेल भाजपा