बसपा के दबाव में पास हुआ ओबीसी बिल: भीम राजभर
- मेंहदावल नगर में बसपा का एक दिवसीय प्रशिक्षण शिविर आयोजित
संवाद न्यूज एजेंसी
मेहदावल। देश की सबसे बड़ी तीसरी राष्ट्रीय पार्टी बहुजन समाज पार्टी है। जिसने पिछड़ा वर्ग के सबसे पहले सांसद, विधायक, विधान परिषद सदस्य व जिला पंचायत अध्यक्ष बनाने का कार्य किया। सड़क से सदन तक लोगों के हक के लिए राष्ट्रीय अध्यक्ष बहन मायावती ने आवाज उठाई। उसी का परिणाम है कि बसपा के दबाव में केंद्र सरकार ने ओबीसी बिल पास किया। यह बातें नगर पंचायत मेंहदावल के संस्कार मंडप में बसपा के एक दिवसीय प्रशिक्षण शिविर में बतौर मुख्य अतिथि प्रदेश अध्यक्ष भीम राजभर ने कहीं।
उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में जब जब बसपा की सरकार रही तब तब अपराध मुक्त समाज की स्थापना का सपना साकार हुआ। बहुजन समाज पार्टी ने पिछड़ा वर्ग के आरक्षण के लिए हमेशा संघर्ष किया। पिछड़ा वर्ग आयोग का गठन हुआ। जिससे पिछड़ा समाज विकास की मुख्यधारा में जुड़ सकें। समाज को बांटने का कार्य गैर बसपा राजनीतिक दल कर रहे हैं जबकि बसपा सर्वजन हिताय सर्वजन सुखाय के सपने को साकार कर रही है। बसपा शासनकाल में प्रदेश में कानून व्यवस्था बेहतर व अनुशासनात्मक रहा। योगी सरकार में प्रदेश की व्यवस्था चरमरा गई है। प्रदेश के मुखिया के गृह जनपद में ही यदि अपराध का आंकड़ा देखा जाए तो प्रदेश सरकार के कानून व्यवस्था की पोल खुल जाएगी। जाति धर्म और मजहब के नाम पर भाजपा प्रदेश की हुकूमत चाहती है जो बहुजन समाज पार्टी कभी साकार नहीं होने देगी। बसपा कार्यकर्ता निष्ठा व लगन के साथ संगठन को बूथ तक मजबूत बनाते हुए 2022 के विधानसभा चुनाव में बसपा की फतह के लिए संकल्प लें। कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व विधायक भगवानदास व संचालन जिलाध्यक्ष धर्मदेव प्रियदर्शी ने किया। कार्यक्रम में लालचंद निषाद, झीनकान प्रसाद, राजेंद्र आजाद, यशोदा नंद निषाद, विष्णु अग्रहरी, राधेश्याम यादव, कुलदीप मणि मिश्र, राम आशीष, जब्बार अहमद, सौरभ राम, सद्दाम खान, वेद प्रकाश मौर्य, राम लौट अकेला, प्रमोद निषाद आदि मौजूद रहे।