संभल/मढ़न। जिले में लगातार डेंगू बुखार से पीड़ित मरीज मिल रहे हैं। असमोली विकास खंड क्षेत्र के गांव मोहम्मदपुर नरैटा में डेंगू पीड़ित फिरोज की उपचार के दौरान मौत हो गई। संभल सीएचसी प्रभारी डॉ. मनीष अरोड़ा में डेंगू की पुष्टि हुई है। उनका उपचार चल रहा है। जिले में डेंगू पीड़ितों की संख्या 16 पहुंच चुकी है। वहीं डेंगू से चार लोगों की मौत भी हो चुकी है।
असमोली विकास खंड क्षेत्र के गांव मोहम्मदपुर नरैटा में डेंगू पीड़ित फिरोज (23) पुत्र शाहिद की उपचार के दौरान मौत हो गई। पांच दिन पहले बुखार आया था। जिसके बाद चिकित्सक को दिखाया। फिरोज बचपन से अपने मामा शफीक अहमद के यहां रहता था। चौधरपुर स्थित एक फर्म में काम करता था। जांच में डेंगू की पुष्टि होने पर उसे सांई अस्पताल में भर्ती कराया गया लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। शुक्रवार को दोपहर में उसकी दो बजे के करीब मौत हो गई।
इसके अलावा सरकारी के साथ निजी अस्पताल मरीजों से भरे हुए हैं। इसमें ज्यादातर वह मरीज हैं जो बुखार से पीड़ित हैं और उनकी प्लेट्सलेट कम हो रही हैं। स्वास्थ्य विभाग की ओर से शुक्रवार को अवकाश के चलते कोई शिविर नहीं लगाया गया। निजी अस्पताल व झोलाछाप चिकित्सकों के क्लीनिक और अस्पताल भरे नजर आए। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार गांवों में बुखार का प्रकोप गंदगी के चलते बना हुआ है। ग्रामीण इलाके में सफाई व्यवस्था बेहतर नहीं है। इसलिए लगातार लोग बुखार की चपेट में आ रहे हैं। बता दें अब तक छह लोगों की बुखार से मौत हो चुकी है।
गांवों में बेहतर सफाई की जरूरत
संभल सीएचसी प्रभारी में डेंगू की पुष्टि हुई है। कई मरीज ग्रामीण इलाके में भी डेंगू पीड़ित के मिले हैं। शिविर लगाए जा रहे हैं। जिससे ग्रामीणों को राहत मिल सके। इस समय गांवों में बेहतर सफाई व्यवस्था न होना भी बीमारी का बड़ा कारण हैं।
डॉ. मनोज चौधरी, जिला सर्विलांस अधिकारी, संभल