संभल। हयातनगर थाना क्षेत्र के गांव मुजफ्फरपुर में झोलाछाप चिकित्सक के अवैध नर्सिंग होम में शुक्रवार की सुबह डिलीवरी के बाद महिला की मौत हो गई थी। हालत खराब होने पर नवजात बेटे को संभल के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। जिसकी शुक्रवार की रात मौत हो गई। जच्चा और बच्चा की मौत से परिवार में गम का माहौल है।
दरअसल, हयातनगर थाना क्षेत्र के गांव मुजफ्फरपुर निवासी रिजवान की पत्नी रिजवाना बेगम (31) को बुधवार की रात में प्रसव पीड़ा हुई थी। जिस पर रिजवान पूर्व में आशा रही महिला के पास गए थे। बताया जाता है कि इसी महिला ने गांव में स्थित एक झोलाछाप चिकित्सक के अवैध नर्सिंग होम में ले जाकर भर्ती करा दिया। शुक्रवार की सुबह में महिला का इसी क्लीनिक में ऑपरेशन किया गया। करीब दो घंटे बाद महिला की मौत हो गई।
इसी दौरान नवजात की भी हालत बिगड़ी थी, जिसे संभल के निजी अस्पताल में भर्ती कराया था। लेकिन शुक्रवार की रात नवजात की भी मौत हो गई। जच्चा और बच्चा की मौत के बाद से परिवार में गम का माहौल है। मृतक महिला के परिवार की ओर से कोई कार्रवाई नहीं कराई गई है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से रिपोर्ट दर्ज कराई है।
अलशिफा अस्पताल को सील कर दिया गया है और इसके संचालक मरगूब के खिलाफ मेडिकल एक्ट के अलावा धोखाधड़ी के अंतर्गत हयातनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। यह अस्पताल अवैध रूप से संचालित हो रहा था।
डॉ. मनोज चौधरी, नोडल अधिकारी, संभल