बिहारीगढ़ (सहारनपुर)। चार वर्षीय बच्ची के अपहरण की सूचना पर थाना बिहारीगढ़ और देहरादून के थाना पटेलनगर की पुलिस ने कई घंटे चेकिंग अभियान चलाया। पुलिस को जांच के दौरान पता चला बच्ची के अपहरण की सूचना फर्जी है। इसके बाद पुलिस अधिकारियों ने राहत की सांस ली।
रविवार को मुजफ्फरनगर निवासी दो युवक अपने स्कूटर पर देहरादून से वापस मुजफ्फरनगर जा रहे थे। उनके बीच में एक चार वर्षीय बच्ची बैठी थी। नींद आने के कारण उसकी गर्दन लटकी देखकर इसी दौरान अपनी कार से दिल्ली जा रहे एक परिवार के लोगों ने बच्ची के अपहरण की सूचना देहरादून के थाना पटेलनगर पुलिस को दे दी। पटेलनगर पुलिस ने घटना की सूचना थाना बिहारीगढ़ और फतेहपुर पुलिस को दी। इसके बाद पुलिस अधिकारियों में हड़कंप मच गया। इसके बाद दोनों राज्यों की पुलिस हरकत में आ गई और थाने के सामने बैरियर लगाकर चेकिंग शुरू कर दी। कुछ देर बाद देहरादून की ओर से आ रहे स्कूटर सवार युवकों को पकड़ लिया। बाद में शिकयत कर्ता और थाना पटेलनगर पुलिस भी थाना बिहारीगढ़ में पहुंची। वहां युवकों से पूछताछ के दौरान पता चला स्कूटर सवार बच्ची उनके ही परिवार की है। युवक बच्ची के चाचा हैं और नींद आने से उसकी गर्दन एक तरफ को लटकी थी, इसे कार सवारों ने बेहोश समझकर पुलिस को सूचना दे दी। शिकायत के फर्जी होने की पुष्टि होने के बाद ही दोनों थानों की पुलिस के अधिकारियों ने युवकों को जाने दिया।