सहारनपुर। नया पेराई सत्र शुरू होने बावजूद जनपद की चार चीनी मिलों से जुडे़ किसान अभी भी गत पेराई सत्र का बकाया गन्ना मूल्य पाने के लिए तरस रहे हैं। जिले की छह में से दो मिलों ने ही पूरा गन्ना मूल्य का भुगतान किया है, जबकि चार चीनी मिलों पर अभी भी किसानों के करीब 269 करोड़ रुपये बकाया हैं।
प्रदेश सरकार ने मिल चलने से पहले ही किसानों का तमाम गन्ना मूल्य भुगतान करने का वादा किया था। जनपद में मिल चले हुए करीब एक सप्ताह होने वाले हैं। जिले की छह में से मात्र दो मिलों ने ही पूरा बकाया गन्ना मूल्य भुगतान किया है, जबकि चार चीनी मिलों पर अभी भी करीब 269 करोड़ रुपये किसानों के बकाया हैं। इसके चलते किसानों को आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
बकाया गन्ना मूल्य के जल्द भुगतान कराने के लिए शुगर मिलों पर दबाव बनाया हुआ है। बकायेदार चार मिल चीनी बेचकर गन्ना मूल्य का भुगतान कर रही हैं। मिलों को भुगतान में तेजी लाने के निर्देश दिए गए हैं। --- कृष्ण मोहन मणि त्रिपाठी, जिला गन्ना अधिकारी।
शादी के लिए लेना पड़ गया उधार
चिलकाना क्षेत्र के गांव दुमझेड़ी निवासी अहसान अहमद ने बताया कि बकाया गन्ना मूल्य भुगतान नहीं होने से उन्हें आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। 16 नवंबर को बेटे की शादी है। गन्ने का बकाया भुगतान नहीं होने के चलते उन्हें शादी के लिए उधार लेना पड़ रहा है।
भुगतान नहीं होने से खरीदारी में मुश्किल
गांव बढेड़ी कोली निवासी संजय उर्फ सीटू चौधरी ने बताया कि उनका संयुक्त परिवार है। आने वाली 20 तारीख को उनके भतीजे की शादी है। गन्ने का बकाया भुगतान नहीं मिलने से उनके लिए शादी के लिए आवश्यक वस्तुओं की खरीदारी करने में मुश्किल हो रही है। सामान उधार में खरीद कर जिम्मेदारी का निर्वहन किया जा रहा है।
जिले में बकाया गन्ना मूल्य की स्थिति
मिल ------------ बकाया
गांगनौली -------- 136.92 करोड़
गागलहेड़ी -------- 38.57 करोड़
नानौता ----------- 58.45 करोड़
सरसावा ---------- 35.06 करोड़
नोट: गन्ना विभाग के 15 नवंबर के आंकड़ों के अनुसार।