रामपुर। कोरोना संक्रमण के दौरान परिवार से दूर हुए बंदियों की मिलाई के निर्देश के बाद सोमवार को सात बंदियों ने अपने परिवार से मुलाकात की। इस दौरान किसी के आंसू छलक आए तो किसी ने बच्चों का हाल-चाल पूछा।
कोरोना संक्रमण को लेकर डेढ़ साल पहले बंदियों को संक्रमण से बचाने के लिए मिलाई पर रोक लगा दी थी। जेल में बंद बंदी अपने परिवार को लेकर काफी चिंतित रहते थे। इसको लेकर ही शासन ने जेल में बंद बंदियों की टेलीफोन के माध्यम से घर पर बात शुरू कराने के निर्देश दिए थे। जिसके बाद बंदी अपने परिजनों से फोन पर बात किया करते थे। इसके साथ ही उनके घरों से आए सामान को एक दिन रखने के बाद उन तक पहुंचाया जा रहा था। लेकिन, कोरोना संक्रमण कम होने के बाद डेढ़ साल से बंद चल रही मिलाई को लेकर नए दिशा निर्देश जारी किए गए थे। सोमवार सुबह से ही काफी संख्या में लोग मिलाई के लिए जिला कारागार पहुंच गए थे। आरटीपीसीआर रिपोर्ट न होने पर कई को वापस कर दिया गया। इस दौरान रिपोर्ट लेकर आए सात लोगों ने अपने बंदियों से मुलाकात की। जेल अधीक्षक प्रशांत मौर्य ने बताया कि जेल में बंद बंदियों को उनके परिजनों से मुलाकात के निर्देश जारी किए गए हैं। नियमों के पालन के साथ परिजनों से मुलाकात कराई जा रही है। सोमवार को सात लोग आरटीपीसीआर रिपोर्ट लेकर पहुंचे थे। उनकी मिलाई कराई गई।