रामपुर। जिले में कोरोना संक्रमण का कहर थमते ही बुखार ने पैर पसार लिया है। बड़ी संख्या में लोग बुखार से पीड़ित हो रहे हैं। जिले में छह सितंबर से 14 सितंबर की अवधि के बीच सरकारी अस्पतालों में करीब तीस हजार लोग ओपीडी के लिए पहुंचे। इसमें से दो हजार से अधिक बुखार पीड़ित थे।
जिले में इन दिनों बुखार कहर बरपा रहा है। स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर-घर जाकर मलेरिया रोगियों की जांच कर रही हैं तो वहीं डेंगू आशंकितों को जांच के लिए जिला अस्पताल भेजा जा रहा है। इस साल जनवरी माह से अब तक मलेरिया के 52 रोगी सामने आ चुके हैं, जबकि डेंगू के भी तीन मामले जिले में सामने आ चुके हैं। डेंगू-मलेरिया का प्रकोप भले ही इतना अधिक न हो लेकिन, बुखार की तपिश लोगों को तोड़ रही है। जिले में सरकारी अस्पतालों में छह सितंबर से 14 सितंबर की अवधि के मध्य करीब तीस हजार लोग ओपीडी सेवा के तहत दवा लेने पहुंचे हैं। इनमें से करीब 2100 मरीज बुखार से पीड़ित थे। बुखार का कहर ग्रामीण क्षेत्रों में अधिक सामने आ रहा है। जिला अस्पताल में छह सितंबर से 12 सितंबर तक जहां 147 बुखार पीड़ित पहुंचे हैं तो वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में यह आंकड़ा काफी अधिक है। मिलक क्षेत्र में छह से 14 सितंबर तक करीब चार सौ से अधिक तो स्वार-टांडा में सात सौ से अधिक और शाहबाद में छह सौ से अधिक बुखार पीड़ित इस अवधि में सरकारी अस्पतालों में दवा लेने पहुंचे हैं।