रायबरेली। अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष अशफाक सैफी ने सोमवार को पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस में अल्पसंख्यक समुदाय की योजनाओं की समीक्षा की। कहा कि अल्पसंख्यक समुदाय के कल्याण के लिए संचालित योजनाओं का प्रचार-प्रसार कराकर पात्रों को योजनाओं का लाभ दिलाएं। मदरसों का आधुनिकीकरण कर कुरआन के साथ हिंदी, अंग्रेजी, गणित व विज्ञान को भी पढ़ाया जाए।
उन्होंने कहा कि कुरआन पढ़कर अच्छा इंसान तो बन सकते हैं लेकिन आईएएस, आईपीएस, डॉक्टर, इंजीनियर, वकील व वैज्ञानिक बनने के लिए हिंदी, अंग्रेजी, गणित व विज्ञान जरूरी है। उन्होंने कहा कि कोरोना संक्रमण के कारण प्रतिदिन हमारे देश को नई चुनौतियों का सामना करना पड़ा है। देश में कई सारे बच्चे ऐसे हैं जिनके माता-पिता में से कोई एक या दोनों जान गवां चुके हैं।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में भी 197 ऐसे बच्चों की पहचान की गई है जिनके माता-पिता की मृत्यु हो गई है। 1799 बच्चों के माता या पिता की मौत हो गई है। बच्चों की मदद के लिए मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना आरंभ की गई है। इस मौके पर जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी सुनीता देवी, सीएमओ डॉ. वीरेंद्र सिंह, राम किशोर, इंजेश सिंह व बड़े लाल यादव आदि मौजूद रहे।