रायबरेली। न्यू स्टैंडर्ड पब्लिक स्कूल, त्रिपुला से पढ़कर निकले एक पूर्व छात्र ने प्रबंधक से 30 लाख रुपये की रंगदारी मांग ली। पैसा न देने पर जान से मारने की धमकी दी गई। पुलिस मामले पड़ताल शुरू की तो पता चला कि स्कूल के ही एक पूर्व छात्र ने अपने मामा के साथ मिलकर यह साजिश रची थी।
इसके बाद मिल एरिया पुलिस और एसओजी ने दोनों को गिरफ्तार कर मंगलवार को जेल भेज दिया। इन दोनों के पास से दो तमंचे, मोबाइल, एक बाइक समेत अन्य सामान बरामद किया गया है।
अपर पुलिस अधीक्षक विश्वजीत श्रीवास्तव ने बताया कि पांच फरवरी की रात करीब नौ बजे न्यू स्टैंडर्ड पब्लिक स्कूल के प्रबंधक को फोन करके 30 लाख रुपये की रंगदारी मांगी गई।
फोन करने वाले ने धमकी दी कि पैसा न दिया तो जान से मार देंगे। प्रबंधक की शिकायत पर मिल एरिया थानेदार विनय कुमार सिंह, एसओजी प्रभारी अमरेश कुमार त्रिपाठी की अगुवाई में गठित टीम ने जांच शुरू गई की तो मामले की खुलासा हो गया।
पुलिस ने मामले में नसीराबाद थाना क्षेत्र के छतोह निवासी अंशुमान सिंह उर्फ शुभम और अमेठी जिले के जामो थाना क्षेत्र के बाजगढ़ पोस्ट सुखी निवासी अमरेंद्र सिंह उर्फ अमन सिंह को पकड़ा। मौजूूदा समय में अंशुमान रायबरेली शहर के बेलीगंज में रहता है।
शुभम डिप्लोमा इन सिविल इंजीनियरिंग और उसके मामा का लड़का अमन सिंह ग्रेजुएशन कर चुका है। शुभम ने ही मामा के बेटे अमन के साथ मिलकर प्रबंधक से रंगदारी मांगने की साजिश रची थी।
फिल्म देखकर पता चला फिरौती मांगने का तरीका
एएसपी के मुताबिक पूछताछ में शुभम ने बताया कि न्यू स्टैंडर्ड पब्लिक स्कूल का छात्र रहा हूूं। मेरे पिता जी न्यू स्टैंडर्ड स्कूूल के प्रबंधक के बचपन के दोस्त रहे हैं। इसलिए मुझे उनके बारे में पूरी जानकारी थी। मैंने एक फिल्म देखी थी, जिससे मुझे फिरौती मांगने का तरीका पता चला। मैंने अपने मामा के बेटे अमन के साथ मिलकर की-पैड वाला एक मोबाइल और सिम लिया।
हम दोनों ने पांच फरवरी की रात मोबाइल नंबर 7453823905 से प्रबंधक के पास फोन करके 30 लाख रुपये की मांग की और कहा कि पैसे की व्यवस्था चार दिन में करके दो, वरना जान से मार देंगे। हम दोनों इसी पैसे लेने की फिराक में आए थे कि आप लोगों ने पकड़ लिया।