रायबरेली। जांच में फेल मिले खाद्य पदार्थों के मुकदमों की सुनवाई करते हुए एडीएम (प्रशासन) अमित कुमार ने 8.9 लाख रुपये का अर्थदंड लगाया है। संबंधितों को एक माह के अंदर जुर्माने की राशि जमा करने के आदेश दिए हैं। ऐसा न करने पर भू-राजस्व की भांति वसूली के आदेश दिए हैं।
एफएसओ अरुण कुमार ने 11 फरवरी 2021 को दरियापुर व कुचरिया के बीच स्थित अंकित ढाबा पर सरसों तेल का नमूना सील करके जांच के लिए भेजा था। जांच में नमूना फेल आने के बाद एडीएम प्रशासन के न्यायालय में मुकदमा किया था। एडीएम ने मुकदमे की सुनवाई करते हुए कारोबारी व मधुकरपुर निवासी आदर्श त्रिपाठी पर 50 हजार और ढाबे के लाइसेंस धारक व कुचरिया निवासी अजितेश कुमार पर 2.50 लाख रुपये का जुर्माना किया है। एफएसओ अरुण ने ही 24 मार्च 2021 को शहर के कोतवाली रोड स्थित नारायण ट्रेडर्स सरसों तेल को नमूना लेकर जांच के लिए भेजा था। नमूने के फेल होने के बाद मुकदमे में ट्रेडर्स के संचालक एसएन गुप्ता पर 3.50 लाख और कारोबारी पर 1.50 लाख का जुर्माना किया गया है।
घटिया पेड़ा बेचा तो 50 हजार लगा दिया अर्थदंड
एडीएम (प्रशासन) अमित कुमार ने घटिया पेड़ा बेचने वाले दुकानदार पर 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। डीह क्षेत्र के सुंदरगंज चौराहा गौरव कुमार की दुकान से पेड़ा का नमूना भरा गया था। जांच में नमूना फेल आने पर दुकानदार पर जुर्माना लगाया गया है। इसके अलावा बरफी का नमूना फेल होने पर ऐहार निवासी रमाशंकर पर 25 हजार रुपये और बिना पंजीयन के खाद्य कारोबार करने वाले रूपामऊ निवासी अखिलेश कुमार पर 15 हजार का जुर्माना लगाया गया है।
एक माह में जमा करना होगा जुर्माना
खाद्य पदार्थ जांच में फेल आने के बाद एडीएम (प्रशासन) के कोर्ट में जुर्माने के लिए मुकदमे किए गए थे। पांच मुकदमों में एडीएम ने 8.90 लाख रुपये का जुर्माना किया है। अंकित ढाबा व नारायण ट्रेडर्स पर बड़ा अर्थदंड लगाया है। सभी को एक माह में जुर्माने की राशि जमा करने के आदेश हैं।-इंद्र बहादुर यादव, मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी