रायबरेली। माध्यमिक शिक्षा परिषद की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षा के दौरान कक्ष निरीक्षकों की ड्यूटी के लिए शिक्षकों का डाटा मांगा गया था। अब तक 128 विद्यालयों ने वेबसाइट पर विवरण अपलोड नहीं किया है। डीआईओएस ने इन विद्यालयों को नोटिस जारी किया है।
प्रबंधकों और प्रधानाचार्यों से कहा कि डाटा अपलोड न करने की वजह बताते हुए दो दिन में जवाब दें। यूपी बोर्ड की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षा में कक्ष निरीक्षकों तथा अन्य कार्मिकों की ड्यूटी ऑनलाइन माध्यम से लगाई जाएगी। जिले के सभी माध्यमिक विद्यालयों से कार्यरत शिक्षकों का इसके लिए ब्योरा मांगा गया था।
सभी विद्यालयों को परिषद की वेबसाइट पर डाटा अपडेट करने के लिए 20 फरवरी तक का समय दिया गया था। इसे सत्यापित कर 25 फरवरी तक डीआईओएस को इसे फाइनल सब्मिट करना है।
अब तक 128 विद्यालयों ने डाटा अपडेट नहीं किया है। इनके प्रबंधकों व प्रधानाचार्यों को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा गया है। जिले में 332 माध्यमिक विद्यालय हैं। जिनमें 41 राजकीय और 46 सहायता प्राप्त विद्यालयों के साथ ही बाकी वित्त विहीन विद्यालय हैं।
बोर्ड परीक्षा की चल रही तैयारी
यूपी बोर्ड की परीक्षा के कार्यक्रम घोषित होने का इंतजार किया जा रहा है। विधानसभा चुनाव की मतगणना के बाद परीक्षा कराई जाएगी। जिले में 103 परीक्षा केंद्रों की अंतिम सूची जारी होने के बाद तैयारियां तेज हो गईं हैं। जीजीआईसी में बोर्ड परीक्षा का कंट्रोल रूम भी बनाया जा रहा है। बोर्ड परीक्षा में 62434 परीक्षार्थी शामिल होंगे।
प्री-बोर्ड के बाद होंगी गृह परीक्षाएं
माध्यमिक विद्यालयों में कक्षा 10 एवं 12 की प्री-बोर्ड की लिखित एवं प्रयोगात्मक परीक्षाएं इसी महीने के अंतिम सप्ताह तक कराने के निर्देश दिए गए थे, जिस पर कहीं प्री-बोर्ड एग्जाम चल रहे हैं तो कहीं इसी हफ्ते शुरू हो जाएंगे। दूसरी तरफ कक्षा 9 एवं 11 की वार्षिक गृह परीक्षाएं मार्च महीने के द्वितीय सप्ताह तक कराने के निर्देश मिले हैं, जिसकी रूपरेखा विद्यालयों ने तैयार कर ली है। प्री-बोर्ड के प्राप्तांक मार्च के द्वितीय सप्ताह तक और गृह परीक्षाओं के प्राप्तांक मार्च के तृतीय सप्ताह तक वेबसाइट पर अपलोड करने होंगे।
परीक्षा केंद्र - 103
कुल परीक्षार्थी - 62434
हाईस्कूल - 34920
इंटरमीडिएट - 27514
कुल माध्यमिक विद्यालय - 332
कक्षा 9 में छात्र संख्या - 43037
कक्षा 11 में छात्र संख्या - 33953
सभी माध्यमिक विद्यालयों को कार्यरत शिक्षकों के संबंध में परिषद की वेबसाइट पर डेटा अपडेट करने को कहा गया था। इसके बावजूद काफी विद्यालयों ने काम पूरा नहीं किया है, जिन्हें नोटिस जारी करते हुए स्पष्टीकरण मांगा गया है।
-ओमकार राणा, डीआईओएस