बरतानिया हुकूमत के खिलाफ अवध किसान सभा के 101 वर्ष पूरे होने पर रविवार को शहीद स्थल रूर में एक समारोह का आयोजन किया गया। इस मौके पर काबीना मंत्री राजेंद्र प्रताप सिंह मोती सिंह ने कहा कि हम भाग्यशाली हैं कि शहीदों ने अपने प्राण देकर आजाद भारत का नागरिक होने का हमें गौरव प्रदान किया है। देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आजादी के 75वें वर्ष में अमृत महोत्सव मनाने का कार्य कर रहे हैं।
पीएम इस सोच के लिए बधाई के पात्र हैं। इस शहीद स्थल को संवारा जाएगा। मंत्री ने कहा कि शासन की योजनाओं की शुरुआत पट्टी की ही धरती से होगी। आजीविका मिशन के तहत समूह की बहनों को रोजगार देने का काम यहीं से होगा। विकास कार्यों की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि इलाके में प्रत्येक ब्लॉक में स्टेडियम, पॉलीटेक्निक कॉलेज, सड़क, बिजली, पानी ऑक्सीजन प्लांट आदि की सुविधा दी गई है।
कैबिनेट मंत्री मोती सिंह ने कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा कि अवध किसान आंदोलन की धरती रूर से ही देश के प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू ने राजनीति का ककहरा सीखा था, लेकिन कांग्रेस इसको भूल गई। उन्होंने बाबा रामचंद्र, ठाकुर झिंगुरी सिंह, भगवतीदीन वर्मा, माता प्रसाद पांडे जैसे सेनानियों को नमन किया।
कार्यक्रम की शुरुआत में उन्होंने बाबा रामचंद्र के चित्र पर माल्यार्पण करने के साथ परिसर में एक पौधा भी लगाया। कार्यक्रम का संचालन रामप्रकाश पांडे ने किया। इस मौके पर पप्पू सिंह ब्लॉक प्रमुख पट्टी, कमलाकांत यादव प्रमुख देवसरा, विनोद पांडे प्रतिनिधि, अंशु सिंह, पंकज सिंह, देवेंद्र पांडे पूर्व प्रमुख, पूनम इंसान, दिनेश प्रताप सिंह, डॉ. विजय यादव, शिवप्रताप गुप्ता, रामश्लोक पांडे आदि मौजूद रहे।
पट्टी के रूर में आयोजित किसान महोत्सव में शहीद स्मारक पर बाबा रामचंद्र के चित्र पर पुष्प अर्पित क- फोटो : PRATAPGARH