जिले के लोगों के लिए राहत भरी खबर है। सबकुछ ठीकठाक रहा तो एक नवंबर से मेडिकल कॉलेज में दो शिफ्टों में ओपीडी का संचालन शुरू हो जाएगा। इससे जिले के लोगों को जहां सहूलियत मिलेगी, वहीं चिकित्सकों को ओपीडी में बैठकर मरीजों को देखने का मौका मिलेगा। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य ने शासन को पत्र भेजकर इसकी अनुमति मांगी है।
डॉ. सोनेलाल पटेल मेडिकल कॉलेज से संबद्ध राजा प्रताप बहादुर चिकित्सालय का लोकार्पण सिद्धार्थ नगर से 25 अक्तूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वर्चुअल करेंगे। मेडिकल कॉलेज में नियुक्त जेआर, एसआर चिकित्सकों के साथ असिस्टेंट प्रोफेसर, प्रोफेसर भी जिला अस्पताल की ओपीडी में बैठेंगे। प्राचार्य डॉक्टर आर्यदेश दीपक ने बताया कि स्वशासी राजकीय चिकित्सालय के क्रियाशील होने के बाद राजा प्रताप बहादुर चिकित्सालय में जगह कम है।
ओपीडी में एक साथ सभी चिकित्सकों के बैठने की व्यवस्था नहीं है। इससे दूरदराज से आने वाले मरीजों को परेशान होना पड़ता है। पूर्व में जिला और महिला अस्पताल में तैनात चिकित्सक ही ओपीडी में बैठ रहे हैं। उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेज का भवन निर्माणाधीन है। जब तक भवन तैयार नहीं होता है तबतक जेआर और एसआर को ओपीडी में बैठने के लिए जगह नहीं मिल रही है।
ऐसे में कुछ चिकित्सकों को पूर्व के ओपीडी में तो कुछ को पुराने महिला अस्पताल की ओपीडी में बैठाया जाएगा। मरीजों की सहूलियत के लिए दो शिफ्टों में ओपीडी संचालन किया जाएगा। इसके लिए पत्राचार किया जा चुका है।
मेडिकल कॉलेज में दो शिफ्टों में ओपीडी का संचालन किया जाएगा। दोनों शिफ्टों में 12-12 चिकित्सक मरीजों का इलाज करेंगे। डॉक्टर आर्य देशदीपक, प्राचार्य, मेडिकल कॉलेज