जिले में मुफ्त में राशन लेने के लिए नियम बदल गया है। मुफ्त राशन लेने वाले अंत्योदय कार्डधारकों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। अब उन्हें मुफ्त राशन लेने के लिए गोल्डन कार्ड बनवाना होगा। अगर अंत्योदय कार्डधारकों ने गोल्डन कार्ड नहीं बनवाया तो उन्हें मुफ्त राशन नहीं मिलेगा। शासन ने सभी अंत्योदय कार्डधारकों के गोल्डन कार्ड बनवाने के दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं।
शासन ने अंत्योदय कार्डधारकों को भी आयुष्मान भारत योजना में शामिल कर लिया है। जिले में 70 हजार अंत्योदय कार्डधारक हैं। शासन ने अंत्योदय कार्डधारक के मुखिया के साथ उनके परिवार के सदस्यों को आयुष्मान गोल्डन कार्ड बनवाने के लिए कहा है। इसके बावजूद जिले के तमाम अंत्योदय कार्डधारक और उनके परिवार के सदस्य गोल्डन कार्ड बनवाने से कतरा रहे हैं।
इसको देखते हुए शासन ने नया आदेश जारी कर दिया है। गोल्डन कार्ड न बनवाने वाले अंत्योदय परिवार के सदस्यों को मुफ्त में सरकारी राशन नहीं मिलेगा। जिलाधिकारी ने कोटेदारों को कैंप लगवाकर अंत्योदय कार्डधारकों का मुफ्त में आयुष्मान गोल्डन कार्ड बनवाने का निर्देश दिया है।
बीएलई नहीं लेते हैं रुचि तो निरस्त हो जाएगा लाइसेंस
लोकवाणी केंद्र संचालक अंत्योदय कार्डधारकों का गोल्डन कार्ड बनवाने में रुचि नही दिखा रहे हैं। ऐसे बीएलई के खिलाफ मुख्य विकास अधिकारी ने लिखापढ़ी शुरू करते हुए उनका लाइसेंस निरस्त करने के लिए कहा है। वहीं गोल्डन कार्ड बनाने में रुचि दिखाने वाले बीएलई को शासन की ओर से मिलने वाले प्रोत्साहन राशि का समय से भुगतान करने के लिए कहा है।
जिला पूर्ति विभाग अंत्योदय कार्डधारकों का गोल्डन कार्ड बनवाने में जुटा हुआ है। बीच में बीएलई सरकारी राशन की दुकान पर बैठकर गोल्डन कार्ड नहीं निर्गत कर रहे थे। जबकि उन्हें कोटेदारों के यहां कैंप लगाकर गार्ड बनाने के लिए आदेश दिया गया है। डॉ. सुधाकर सिंह, प्रोग्राम मैनेजर, आयुष्मान भारत योजना