पीलीभीत। आज यानी मंगलवार से कक्षा छह से आठ तक के सभी स्कूल खुलेंगे। मगर अभिभावकों को बच्चों में कोरोना संक्रमण फैलने का डर है। उनका कहना है कि अभी बच्चों को स्कूल भेजने का फैसला गलत होगा। थोड़ा समय और माहौल बदलने का इंतजार करेंगे।
शासन की ओर से 23 अगस्त से कक्षा छह से आठ तक के विद्यार्थियों की कक्षाएं संचालित करने के निर्देश दिए गए थे। 21 अगस्त को पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह के निधन के कारण तीन दिन का सार्वजनिक अवकाश घोषित कर दिया गया। इससे अब 24 अगस्त से कक्षाएं शुरू हो रही हैं। इससे पहले शासन के जूनियर हाईस्कूल के बच्चों की कक्षाएं संचालित करने पर अभिभावकों ने चिंता जताते हुए जल्दबाजी बताया था। इधर, स्कूल संचालकों ने अभिभावकों को भरोसा देते हुए दावा किया था कि कोरोना गाइडलाइन का सख्ती से पालन करते हुए पढ़ाई कराई जाएगी। स्कूलों में पचास फीसदी बच्चे एक बार में बुलाए जाएंगे। अभिभावकों को बच्चों को भेजने के लिए सहमति पत्र देना होगा। हालांकि अभी कुछ ही अभिभावकों ने सहमति पत्र संचालकों को दिया है।
अभिभावक परेशान न हों, सभी बच्चों की जिम्मेदारी स्कूल की है। बच्चों की पढ़ाई गाइडलाइन के तहत होगी। दो शिफ्टों में बच्चों को स्कूलों में बुलाया जाएगा। एक शिफ्ट में पचास प्रतिशत बच्चों को कक्षा में बैठाया जाएगा। - रमेश सेमवाल, लायंस स्कूल
स्कूलों में बच्चों को किसी तरह की परेशानी नहीं होगी। अभिभावकों की चिंता जायज है लेकिन स्कूल प्रबंधन भी बच्चों के लिए फिक्रमंद है। कोविड गाइडलाइन के अनुसार ही स्कूल में बच्चों की पढ़ाई कराई जाएगी। - अनुराग दास, लिटिल एंजल्स स्कूल
बच्चों की कोरोना गाइडलाइन के तहत कक्षाओं में बैठाया जाएगा। कक्षा और कॉलेज परिसर की रोजाना सफाई कराई गई है। इसके साथ ही सैनिटाइज भी कराया गया है। बच्चों को लेकर अभिभावक परेशान न हों। -फादर विविएन फर्नांडिस, सेंट एलोसिस कॉलेज
बच्चों को कक्षाओं में गाइडलाइन से बैठाया जाएगा। कक्षाओं को सैनिटाइज करा दिया गया है। अभिभावकों को परेशान होने की जरूरत नहीं है। सभी स्टाफ का वैक्सीनेशन हो चुका है। किसी तरह लापरवाही नहीं बरती जाएगी। - पूजा छाबड़ा, ज्ञान इंटरनेशनल स्कूल
मंगलवार से विद्यालय खुल जाएगा। विद्यालय में कोविड नियमावली का पूरी तरह से पालन किया जाएगा। प्रवेश के समय बच्चों के हाथों को सैनिटाइज कराया जाएगा। सामाजिक दूरी का पालन किया जाएगा - रघुवंश तिवारी, प्रधानाध्यापक पूर्व माध्यमिक विद्यालय, पस्तोर कुइयां
मंगलवार से विद्यालय में शुरू होने वाले शिक्षण कार्य के संबंध में कोविड नियमावली के हिसाब से समय सारणी बना ली गई है। बच्चों को कक्षों में उचित दूरी पर बैठाया जाएगा। - नीरांजना त्रिवेदी, प्रधानाध्यापक पूर्व माध्यमिक विद्यालय खनंका
अभी कोरोना संक्रमण पूरी तरह से थमा नहीं है, फिर भी छोटे बच्चों को विद्यालय में बुलाया जा रहा है, जो पूरी तरह से गलत है। हम फिलहाल अपने बच्चों को पढ़ने नहीं भेजेंगे। - हरीश गंगवार अभिभावक, गांव हीरापुर
बच्चों को विद्यालय में बुलाना सरकार का अविवेक पूर्ण निर्णय है। सरकार को इस निर्णय पर पुनर्विचार करना चाहिए। हमने फिलहाल बच्चों को विद्यालय भेजने का मन नहीं बनाया है। - संजीव कुमार अभिभावक गांव भैनपुरा
अभी कोरोना संक्रमण का प्रसार पूरी तरह से खत्म नहीं हुआ है। इसलिए अभी बच्चों को स्कूल भेजने का फैसला गलत होगा। थोड़ा समय और माहौल बदलने का इंतजार करेंगे। तभी कोई निर्णय लेंगे। - पूजा सक्सेना, अभिभावक
संक्रमण की दूसरी लहर में काफी परेशानियों को झेलना पड़ा था। इसलिए अब स्वास्थ्य विशेषज्ञ तीसरी लहर आने की आशंका व्यक्त कर रहे हैं। इसलिए अभी बच्चों को थोड़ा रुककर स्कूल भेजेंगे। - प्रीति पांडे, अभिभावक
कोराना गाइडलाइन के तहत संचालन करने के लिए स्कूलों को निर्देश दिए गए हैं। शिक्षा विभाग को स्कूलों को जांच के निर्देश भी दिए गए हैं। कोताही करने वाले स्कूलों पर कार्रवाई की जाएगी। पुलकित खरे, डीएम