पीलीभीत। शहर में स्ट्रीट लाइटों की व्यवस्था जर्जर होने के कारण मंडलायुक्त ने शहर नगरपालिका से स्ट्रीट लाइटों की फाइल तलब की है। लाइटों की खरीद के बारे में भी जानकारी मांगी है। मंडलायुक्त के फाइल तलब करने से नगरपालिका में खलबली मच गई है।
शहर नगरपालिका में तीन साल पहले स्ट्रीट लाइटें की खरीद की गई थीं। इसमें करोड़ों रुपये का घोटाला हुआ था। मामले में तत्कालीन डीएम वैभव श्रीवास्तव ने जांच भी शुरू की थी लेकिन उस जांच का अभी तक कुछ भी पता नहीं चल सका। इधर, स्ट्रीट लाइटें खराब होने के कारण रात में शहर अंधेरे में डूब जाता था। मामले को अमर उजाला ने 26 जुलाई को प्रमुखता के साथ प्रकाशित किया था। इस खबर पर मंडलायुक्त रमेश कुमार ने संज्ञान लेते हुए नगर पालिका ईओ सुरेंद्र प्रताप से स्ट्रीट लाइट की फाइल तलब की है। अब तक कितनी लाइटें तीन साल में खरीदी गई हैं इसका भी ब्यौरा मांगा है। ईओ सुरेंद्र प्रताप ने बताया कि बरेली कमिश्नर ऑफिस से स्ट्रीट लाइटों की खरीदारी संबंधित डिटेल मांगी गई है। सूची तैयार कर बरेली भिजवाई जाएगी।