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दोस्त की हत्या करने वाले दो हत्यारों को उम्रकैद की सजा

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दोस्त की हत्या करने वाले दो हत्यारों को उम्रकैद की सजा
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मुजफ्फरनगर। 50 हजार रुपये हड़पने के लिए अपने ही दोस्त को उसकी बहन के घर से बुलाकर हत्या करने वाले दो अभियुक्तों को एडीजे-11 कोर्ट ने उम्रकैद और जुर्माने की सजा सुनाई है। जिला शासकीय अधिवक्ता राजीव शर्मा ने बताया कि हरिद्वार जनपद के मंगलौर निवासी जहीर पुत्र गफूर ने थाना छपार पर अपने भाई शहजाद की हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था।
जहीर ने रिपोर्ट दर्ज कराते हुए बताया था कि उसके भाई की दुकान के बराबर में फैजान निवासी बागोवाली जनपद मुजफ्फरनगर की दुकान थी। दोनो में पहले दोस्ती थी बाद में व्यापारिक रंजिश बन गयी। घटना के दिन 26 जून 2011 की सुबह करीब दस बजे फैजान उसके भाई शहजाद को उसकी बहन जहीरा के घर से बुलाकर ले गया। शहजाद अपने साथ कुछ कपड़े व 50 हजार रुपये तथा बाइक भी ले गया। इसके बाद उसका भाई देर रात तक भी घर नहीं आया और अगले दिन शाम को फैजान अपने दोस्त साजिद निवासी गांव सूजडू के साथ आया और शहजाद के कपड़े देकर चला गया।
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बहन ने जब शहजाद के बारे में पूछा तो इन दोनों ने बताया कि शहजाद मंगलौर चला गया। बहन ने घर फोन कर पूछा तो पता चला शहजाद घर नही पहुंचा। इसके बाद परिजन उसकी तलाश में लग गए। तलाश करता हुए जब वे बरला पुलिस चौकी पहुंचे और शहजाद का फोटो दिखाया तो चौकी पर तैनात पुलिस कर्मियों ने बताया कि इस लड़के की लाश 27 जून को जंगल में मिली थी। हमने 30 जून को पोस्टमार्टम कराकर दफना दिया है। मुकदमा में फैजान व साजिद को इस हत्या का आरोपी बनाया था।
इस मुकदमे की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश शाकिर हसन की अदालत संख्या- 11 में हुई। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता कमल कुमार ने सात लोगों की गवाही कराते हुए अपनी दलील व सबूत पेश किए। न्यायाधीश ने दोनों पक्षों को सुनते हुए अभियुक्त फैजान व साजिद को शहजाद की हत्या कर लाश छुपाने का दोषी करार देते हुए धारा 302/34 के तहत आजीवन कारावास व पांच-पांच हजार रुपये जुर्माना तथा एक-एक वर्ष का कारावास व एक-एक हजार रुपये का जुर्माना की सजा सुनाई है।
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मुठभेड़ में पकड़े गए आरोपी को तीन साल कैद
मुजफ्फरनगर। बुढ़ाना थाना पुलिस ने 10 जून 2018 को मुठभेड़ में राजेंद्र को अवैध शस्त्र सहित गिरफ्तार किया था। मामले में एडीजे-13 कोर्ट में न्यायाधीश शक्ति सिंह ने शस्त्र अधिनियम के तहत राजेंद्र को दोषी करार देते हुए उसे तीन साल कैद की सजा सुनाई है।
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