स्मार्ट सिटी : 879 करोड़ के 23 प्रोजेक्ट
अगले साल में पूरा करने का निगम का दावा
जिले के 24 स्मार्ट प्राथमिक स्कूल दिल्ली से बेहतर - नगर आयुक्त
अमर उजाला ब्यूरो
मुरादाबाद। स्मार्ट सिटी के तहत चल रहे 879. करोड़ के 23 प्रोजेक्ट अगले साल पूरे कर लिए जाएंगे। शहर के आठ स्थानों पर ई रिक्शा चार्जिंग के स्टेशन बनाए जाएंगे। धातुओं को गलाने के लिए एक ही स्थान पर गैस की 20 भट्ठियां लगायी जाएंगी ताकि शहर का प्रदूषण कम हो सके। ये दावा स्मार्ट सिटी के नोडल अधिकारी टीएन मिश्रा ने एडवाइजरी बोर्ड के समक्ष किया है।
सर्किट हाउस में महापौर विनोद अग्रवाल की अध्यक्षता में स्मार्ट सिटी की सिटी लेबल एडवाइजरी फोरम की बैठक आयोजित की गई। बैठक के दौरान नोडल अधिकारी ने बताया कि स्मार्ट सिटी घोषित होने के बाद 36 प्रोजेक्ट पर काम शुरू किया गया था। इनमें 56.89 करोड़ के 13 प्रोजेक्ट पूरे हो गए हैं। नगर आयुक्त संजय चौहान ने दावा कि कि शहर के 54 प्राइमरी स्कूलों में 24 स्कूलों को स्मार्ट सिटी के तहत लिया गया था। स्कूलों की डिजिटल क्लास, परिसर, शौचालय सीबीएसई के मानक के अनुरूप बनाए गए। ये स्कूल दिल्ली के स्कूलों से बेहतर हैं। वर्तमान में 4000 विद्यार्थी शिक्षा ले रहे हैं। इस मॉडल के स्कूल देश में नहीं मिलेंगे। यहां एडमिशन कराने के लिए लखनऊ और दिल्ली से कॉल आ रहे हैं। स्मार्ट सिटी के तहत कैरियर मित्र एप जारी किया गया है। इस एप से उद्योगपतियों को वर्करों की जरूरत पूरी हो रही है। एक लाख लोग एप और वेबसाइट को देख चुके हैं। एयर क्लालिटी मानीटरिंग के लिए पांच स्टेशन बनाए गए हैं। इन स्टेशनों के माध्यम से पता चल जाता है कि कहां वायु प्रदूषण कितना है। जिला प्रशासन के प्रयास से वायु प्रदूषण कम हुआ है। अब जिला रेड से ऑरेंज श्रेणी में आ गया है। शहर में प्रदूषण को कम करने के लिए आठ कलस्टर फिल्टर लगाए जाएंगे। एक मोबाइल वैन भी खरीदी जाएगी। नौ स्थानों पर ई रिक्शा चार्जिंग स्टेशन स्थापित किए जाएंगे। इस बीच महापौर ने रेन वाटर हारवेस्टिंग स्कूल, कालेजों के भवनों पर और ई बसों के लिए चार्जिंग स्टेशन कांठ रोड पर लगाने के सुझाव दिए। उन्होंने कहा कि मेटल गलाने की भट्ठियां उच्च क्षमता की लगानी होगी। विधायक रितेश गुप्ता ने स्मार्ट रोड नेटवर्क के द्वितीय चरण में बची हुई अन्य सड़कों को शामिल करने के सुझाव दिए। बैठक में एआईडब्लूसी की अध्यक्ष रीता सिंह, नोडल अधिकारी टीएन मिश्रा सहित अन्य अधिकारी भी मौजूद थे।
इनसेट
विधायक के इंतजार में आधे घंटे रोकी गई बैठक
स्मार्ट सिटी एडवाइजरी बोर्ड की बैठक एक बजे से आयोजित थी लेकिन विधायक रितेश गुप्ता के इंतजार में तक लोग बैठे रहे। निर्धारित समय के 32 मिनट बाद जब विधायक आए तो अधिकारियों ने उनका स्वागत किया। इसके बाद बैठक शुरू की गई।