बिलारी। चांदपुर गनेश गांव में सोमवार शाम बारिश के दौरान एक मजदूर के पुराने बने मकान के बरामदे का लिंटर अचानक गिर गया। लिंटर के मलबे में दबकर ग्रामीण स्वयं भी घायल हो गया, उसकी एक बकरी की मौत हो जाने के साथ ही घरेलू सामान भी दबकर खराब हो गए।
चांदपुर गनेश निवासी मजदूर मुनाजिर गांव में अपने पिता बन्ने द्वारा बनाए गए पुराने पक्के मकान में रहता है। मकान पुराना होने की वजह से छत का लिंटर भी कमजोर हो गया है। सोमवार शाम लगभग पांच बजे तेज बारिश होने के दौरान मुनाजिर बरामदे के एक कोने में चारपाई पर बैठा हुआ था, जबकि उसकी पत्नी हनीफा और तीनों बेटियां रसोई में बैठी थीं। मुनाजिर के अनुसार अचानक उसके मकान के बरामदे का लिंटर भरभरा कर गिर गया। लिंटर का मलबा उसके पेट पर लगने से उसकी पसली टूट गई। वहीं मलबे में दबकर उसकी एक बकरी भी मर गई। बरामदे में पड़ी चारपाई, कपड़े, अनाज और अन्य घरेलू सामान भी मलबे में दबकर खराब हो गए।
बरामदे का लिंटर गिरने की आवाज होने पर मुनाजिर की पत्नी और पड़ोसियों ने इकट्ठे होकर मलबे में दबी बकरी को निकाला, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। घायल मुनाजिर का गांव में ही एक निजी चिकित्सक से उपचार कराया गया। मुनाजिर ने बताया कि लिंटर का मलबा गिरने से केवल दस मिनट पहले ही उसकी पत्नी और बच्चे बरामदे से निकलकर रसोई में गए थे अन्यथा बड़ा हादसा हो जाता। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि खलील अहमद ने बताया कि बारिश से मजदूर मुनाजिर के बरामदे की छत का मलबा गिरकर मजदूर के घायल होने संबंधी घटना की सूचना तहसील प्रशासन को दी गई है। तहसीलदार ने बताया कि लेखपाल को तत्काल मौके पर भेजकर जांच कराई जा रही है।