पुलिस ने इस मामले में यूसुफ मलिक के साथ साथ उनके भाई यूनुस मलिक, आसिफ और आरिफ को आरोपी बनाया है। जबकि कटघर थाने में दर्ज दूसरे मुकदमे में सपा नेता के समधी जमाल, दामाद दनियाल और बेटी को आरोपी बनाया है। मुकदमा दर्ज होने के बाद यूसुफ मलिक पुलिस की गिरफ्त से बाहर चल रहा था। यूसुफ मलिक के खिलाफ रामपुर जनपद में भी मुकदमें दर्ज हैं।
रामपुर के अजीम नगर थाने में दर्ज केस के मामले में आरोपी सपा नेता ने रामपुर की कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया था। जहां से उसे जेल भेज दिया गया। इधर, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट विमल वर्मा की अदालत से जारी बी वारंट के आधार पर यूसुफ मलिक को तलब किया गया। सिविल लाइंस थाने की पुलिस ने शुक्रवार की सुबह मुकदमे के दूसरे आरोपी आसिफ मलिक को उसके घर से गिरफ्तार करके अदालत में पेश किया। सिविल लाइंस थाना प्रभारी आरपी सिंह ने बताया कि यूसुफ मलिक को बी वारंट पर कोर्ट में पेश किया गया था। आरोपी आसिफ मलिक को उसके घर हिमगिरी कालोनी से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।