पिता आजम खां के साथ अब्दुल्ला आजम
- फोटो : Social Media
सपा सांसद आजम खां के बेटे अब्दुल्ला आजम के दो जन्म प्रमाण पत्र मामले में एमपी-एमएलए कोर्ट ने मंगलवार को डिस्चार्ज एप्लीकेशन को लेकर फैसला सुना दिया है। कोर्ट ने आजम खां की ओर से दाखिल की गई डिस्चार्ज एप्लीकेशन को खारिज कर दिया है। साथ ही सप्लीमेंटरी चार्जशीट को लेकर दाखिल आपत्ति को भी खारिज कर दिया गया है।
सपा सांसद आजम खां के बेटे अब्दुल्ला आजम के दो जन्म प्रमाण पत्र होने के आरोप में भाजपा लघु उद्योग प्रकोष्ठ के पूर्व क्षेत्रीय संयोजक आकाश सक्सेना ने गंज थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोप था कि अब्दुल्ला आजम का एक जन्म प्रमाण पत्र रामपुर नगर पालिका से बनवाया गया है तो दूसरा लखनऊ से। इस मामले में पुलिस कोर्ट में चार्जशीट दाखिल कर चुकी थी। मामले की सुनवाई एमपी-एमएलए कोर्ट में चल रही है।
बुधवार 11 अगस्त की तारीख में गंज थाना पुलिस ने अब्दुल्ला आजम के दो जन्म प्रमाण पत्र मामले में सप्लीमेंटरी चार्जशीट दाखिल की थी। इसको लेकर शिकायकर्ता आकाश सक्सेना ने पुलिस को पत्र भेजकर आईपीसी की धारा 120बी के तहत आरोप पत्र प्रेषित करने की मांग की थी। इसके बाद शुक्रवार 13 अगस्त की सुनवाई में सप्लीमेंटरी चार्जशीट को लेकर बहस हुई थी।
मामले में मंगलवार को स्पेशल जज एमपी-एमएलए कोर्ट आलोक दुबे ने आज़म खां, उनकी पत्नी शहर विधानसभा सीट से सपा विधायक डॉ. तंजीन फात्मा और बेटे अब्दुल्ला आजम के अधिवक्ता की ओर से दाखिल की गई डिस्चार्ज एप्लीकेशन और सप्लीमेंटरी चार्जशीट को लेकर दाखिल की गई आपत्ति पर फैसला सुनाते हुए इन्हें खारिज कर दिया है।
जिला सहायक शासकीय अधिवक्ता रामऔतार सिंह सैनी ने बताया कि मामले में कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए सप्लीमेंटरी चार्जशीट को लेकर दाखिल आपत्ति और डिस्चार्ज एप्लीकेशन को खारिज कर दिया है। मामले में बुधवार को कोर्ट में आरोप तय किये जाने की प्रक्रिया होगी।