मुरादाबाद। जिले भर में मच्छर जनित बीमारियों का प्रकोप दिनों दिन बढ़ रहा है। स्वास्थ्य विभाग के दावे हैं कि बचाव के इंतजाम पूरे हैं। लेकिन लोगों की की सेहत की रखवाली करने वाले स्वास्थ्य महकमे के आला अधिकारियों के कार्यालय परिसर खुद ही बीमार हैं। हाल देखकर कोई भी कह देगा कि स्वास्थ्य विभाग के ये कार्यालय ही कहीं मच्छरों का ब्रीडिंग हब यानी प्रजनन केंद्र तो नहीं हैं।
कोरोना के खतरे के साथ ही इन दिनों वायरल बुखार, मलेरिया और टाइफाइड भी अपने पांच पसार रहे हैं। साथ ही डेंगू की भी आमद हो गई है। ऐसे में प्रशासन से लेकर स्वास्थ्य विभाग और नगर निगम तक सभी सतर्क हैं।
डीएम ने विशेष अभियान चलाकर वार्डों में साफ सफाई और एंटी लार्वा साइडिल के छिड़काव के निर्देश दिए हैं। लेकिन लोगों की सेहत सुधारने का दावा करने वाला स्वास्थ्य विभाग खुद ही बीमारियों के खतरे की जद में हैं। टाउन हॉल स्थित पुराने अस्पताल परिसर में एडी हेल्थ, जिला और नगरीय मलेरिया अधिकारी, टीबी अस्पताल और एक पीएचसी है। यहां उगी झाड़ियां, परिसर में गंदे पानी और कीचड़ से बजबजाती नालियां, कबाड़ हो चुके खड़े वाहनों में जमा होता बारिश का गंदा पानी मच्छरों को पैदा करने के लिए काफी है। गंदगी की ये स्थित तब है जब परिसर के सामने ही नगर निगम का कार्यालय है। नगर निगम शहर भर में साफ सफाई का दावा कर रहा है। लेकिन अपने कार्यालय से चंद कदम दूर स्वास्थ्य विभाग के परिसर में उसका ध्यान भी नहीं है।
सीएमओ ने दिए निर्देश, खुद के परिसर में जमा है गंदा पानी
सीएमओ डा. एमसी गर्ग ने कहा कि संबंधित अधिकारियों को साफ सफाई के लिए निर्देश दिए गए हैं। वह जल्द ही परिसर का निरीक्षण करेंगे। लेकिन यहां सीएमओ कार्यालय के पीछे की ही एक तस्वीर भी हम आपको दिखा देते हैं जहां बारिश का गंदा पानी इकट्ठा होने से काई बनने लगी है। यहां सतह पर ही मच्छर भिनभिनाते हुए देखे जा सकते हैं।
मलेरिया विभाग में बजबजाती मिली नाली
मुरादाबाद। जिला मलेरिया अधिकारी का कार्यालय जर्जर हालत में पहुंच गया है। यहां नाली बजबजाती मिली। पानी ठहरा मिला। वहीं कूड़ा भी पड़ा मिला। खपरैल के हॉल में छत में सुराख मिले।
परिसर में तीन स्थानों पर वाहनों के लगे चट्टे
मुरादाबाद। करीब दो एकड़ क्षेत्रफल के परिसर में कबाड़ वाहनों का ठिकाना बना है। यहां तीन स्थानों पर कबाड़ वाहनों के चट्टे लगे हैं। एक के ऊपर एक वाहन चढ़ाकर रखे गए हैं। इन वाहनों को यहां पड़े दस साल से अधिक समय हो चुका है। इनमें बारिश का पानी ठहरने से न केवल मच्छर पनपते हैं। बल्कि इनमें कई विषैले कीट-पतंगों का भी घर बन चुका है जो परिसर में आने वाले लोगों के लिए भी खतरा बन सकते हैं।
टाउनहॉल परिसर में ये कार्यालय
- एडी हेल्थ का ऑफिस
- जिला मलेरिया अधिकारी का ऑफिस
- नगरीय मलेरिया अधिकारी का ऑफिस
- जिला होम्योपैथिक अधिकारी का ऑफिस
- जिला कुष्ठ रोग अधिकारी का ऑफिस
- अरबन पीएचसी कोठीवाल नगर
- टीबी अस्पताल
- मंडलीय ड्रग स्टोर
- स्वास्थ्य कर्मियों के आवास