मुरादाबाद। तीज पर नई साड़ी की जिद पूरी न होने पर शनिवार दो बेटों की गलारेत खुद को भी चाकू से जख्मी कर खुदकुशी की कोशिश करने वाली महिला की हालत में कुछ सुधार हुआ है। जबकि उसके बड़े बेटे की स्थिति अभी भी गंभीर बनी हुई है। दोनों का शहर के एक निजी अस्पताल में उपचार कराया जा रहा है। उधर इस घटना में मृत महिला के छोटे बेटे आदर्श उर्फ नक्ष का रविवार पोस्टमार्टम किया गया। जिसमें धारदार हथियार से गला काटे जाने से मौत की पुष्टि हुई है।
थाना कटघर के गांव घोसीपुरा निवासी देवेंद्र की पत्नी प्रीति ने साड़ी की जिद पूरी न होने पर शनिवार दिन में घर के भीतर अपने बड़े बेटे दक्ष (आठ साल) और आदर्श उर्फ नक्ष की गर्दन चाकू से रेतने के बाद खुद भी अपना गला रेत खुदकुशी की कोशिश की थी। चीखने चिल्लाने की आवाज पर परिवार के अन्य लोग अंदर से बंद दरवाजे को धक्का देकर उसकी चटकनी तोड़ अंदर घुसे तो नजारा देख दंग रह गए थे। नक्ष की मौके पर मौत हो चुकी थी। जबकि प्रीति व दक्ष घायल पड़े थे। परिवार के लोगों ने दोनों को पहले जिला अस्पताल फिर शहर के एक निजी अस्पताल में उसे भर्ती कराया है। जहां प्रीति के गले का चिकित्सकों ने ऑपरेशन किया है। महिला की हालत में कुछ सुधार बताया जा रहा है, जबकि उसके पुत्र दक्ष की दशा अभी भी गंभीर बनी हुई है।
दक्ष, नक्ष ठीक तो हैं तो खाओ कसम
मुरादाबाद। शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती प्रीति की हालत में कुछ सुधार होने पर उसके भाई अवधेश ने उससे मुलाकात की। अवधेश ने बताया कि प्रीति को शनिवार की घटना के बारे में कुछ भी याद नहीं है। प्रीति सिर्फ यह कह रही थी कि दक्ष, नक्ष कहां हैं। दोनों ने खाना खाया या नहीं। दोनोें बच्चों को सामने लाने की भी जिद की। यह बताने पर की दोनों ठीक हैं, प्रीति ने अपनी कमस दिलवाकर पूछा।
अवधेश ने बताया कि प्रीति को शनिवार की घटना के बारे में कुछ भी याद नहीं। यह पूछने पर कि वह कैसे जख्मी हुई इस पर भी वह कुछ नहीं बता सकी। अवधेश ने बताया कि प्रीति ने शादी से पहले या शादी के बाद इससे पहले ऐसा कभी कोई व्यवहार नहीं किया जिससे यह कहा जा सके कि उसका मानसिक संतुलन ठीक नहीं था। उन्होंने बताया कि शादी से पहले प्रीति को कभी कभार मिर्गी के दौरे जरूर पड़ते थे। उसका इलाज भी चला था। उन्होंने बताया कि अस्पताल में भर्ती दक्ष की हालत अभी गंभीर बनी हुई है। उन्होंने बताया कि वह उससे भी बात करना चाहते थे, लेकिन चिकित्सकों ने इसकी इजाजत नहीं दी।