रामपुर। पुलिस पर जानलेवा हमला करने, मारपीट करने और सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने के मामले में जेल में बंद भाजपा नेता एवं अधिवक्ता को कोर्ट से राहत मिल गई है। कोर्ट ने उनकी जमानत मंजूर कर ली है।
रविवार देर रात को केमरी थाने में भाजपा नेताओं और अन्य लोगों द्वारा पुलिस के साथ मारपीट के आरोप में पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की थी। आरोप था कि भाजपा नेता एवं अधिवक्ता रोहिताश मौर्य ने अपने साथियों के साथ मिलकर पुलिस पर जानलेवा हमला कर दिया था। जिसमें चार पुलिस कर्मी घायल हो गए थे। घटना की रिपोर्ट दारोगा राम सजीवन मौर्य की ओर से भाजपा नेता रोहिताश मौर्य समेत 15 लोगों के खिलाफ दर्ज कराई थी। मामले में पुलिस सात आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है।
इस मामले में आरोपी भाजपा नेता एवं अधिवक्ता रोहिताश मौर्य ने अपने अधिवक्ता के माध्यम से जिला जज की कोर्ट में जमानत प्रार्थनापत्र दाखिल किया था। इस पर शुक्रवार को सुनवाई हुई। बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ताओं ने तर्क दिया कि पुलिस द्वारा अधिवक्ता को झूठा फंसाया गया है और घटना का कोई पब्लिक का गवाह नहीं है। सभी गवाह पुलिस कर्मचारी हैं जबकि, अभियोजन की ओर से जमानत का विरोध किया गया। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद जिला जज अचल सचदेव ने रोहिताश मौर्य की जमानत मंजूर कर ली है।