डेविड जोशब ने पुत्र को स्वास्थ्य विभाग में नौकरी दिलाने के लिए एक लाख 90 हजार रुपये लिया था। नौकरी नहीं मिलने पर रुपये वापस करने के लिए बुलाया था। तब से पुत्र लापता है। इस पर पुलिस को डेविड जोशव पर शक हुआ। पुलिस ने डेविड जोशव, अमित पाल और गुलाब चंद पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। उनकी निशानदेही पर शव बरामद किया।
इस मामले में पुलिस ने विवेचना कर आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। एडीजीसी क्रिमिनल सच्चिदानंद तिवारी ने साक्ष्य और गवाहों को न्यायालय में प्रस्तुत कर आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा दिए जाने की अपील की।
अपर सत्र न्यायाधीश बलजोर सिंह ने गवाहों के बयान, पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्य और अधिवक्ताओं की दलील के आधार पर डेविड जोशब निवासी नई बाजार देवरी थाना राबर्ट्सगंज सोनभद्र, अमित कुमार पाल निवासी रामपुर थाना कोरांव प्रयागराज, गुलाबचंद निवासी महेवा कला थाना मांडा प्रयागराज को हत्या के मामले में आजीवन कारावास की सजा सुनाई।