मिर्जापुर। कलेक्ट्रेट सभागार में शुक्रवार को इंडियन बैंक के एसएचजी आउट रीच मंथ अभियान के तहत ढाई करोड़ रुपये के ऋण का वितरण किया गया। स्वयं सहायता समूहों को इस ऋण का वितरण किया गया।
जिले के आर्थिक रूप से पिछड़े एवं गरीब परिवार की महिलाओं के लिए राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन का संचालन किया जा रहा हैं। इसके अन्तर्गत संचालित स्वयं सहायता समूह के सदस्यो को आर्थिक रूप से सुदृढ़ एवं सशक्त बनाने उनमें उद्यमितता का विकास करने एवं आजीविका के सतत साधनों से जोड़ा जा रहा है। इस अवसर पर इंडियन बैंक द्वारा ढाई सौ समूहो कों ढाई करोड़ रुपये का ऋण वितरण हुआ। समारोह में समूह की बहनों-रेनू देवी बैंक सखी मड़िहान ब्रांच, बेटी बचाओ स्वयं सहायता समूह करुणादेवी,. बैंक सखी बिहसड़ा ब्रांच, जागृति प्रेरणा शंकुल स्तरीय संघ ने अपने अनुभव को साझा करते हुये अन्य महिलाओं को आजीविका और स्वालंबन के जीवन की तरफ प्रेरित किया। विधायक मझवा सुचिस्मिता मौर्य ने स्वयं सहायता की बहनों को संघे शक्ति का महत्व बताया। जिलाधिकारी प्रवीण कुमार लक्षकार ने जिले की लगभग 10 हजार समूहो से जुड़ी एक लाख महिलाओ को अपने विभिन्न रोजगारपरक उद्यमो को सही तरीके से संचालित करते हुये नवाचार प्रयोगों से आय वृद्धि पर बल दिया। मुख्य विकास अधिकारी श्रीलक्ष्मी वीएस ने कहा कि ग्रामीण भारत की स्वयं सहायता समूह की महिलाओ का देश के विकास में अद्वितीय योगदान हैं। कार्यक्रम में इंडियन बैंक के अंचल टी वासुदेवन, मुख्य प्रबन्धक संजीव श्रीवास्तव, प्रकाश वर्मा, दशरथ मिश्रा, सहित समस्त शाखा प्रबन्धक, जिला सूचना अधिकारी डा. पंकज कुमार एवं अन्य उपस्थित थे।