फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दर्दनाक हादसा: ट्रक से कुचलकर सास-बहू की मौत, सात माह की गर्भवती थी रीना, खौफनाक मंजर देख कांप गई हर किसी की रूह

Tue, 26 Oct 2021 05:26 PM IST
कपिल kapil न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ

सार

मेरठ में मंगलवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया। इस दर्दनाक हादसे में सास और गर्भवती बहू की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि ससुर गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल ससुर को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
विज्ञापन
मौके पर पहुंची पुलिस। - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मेरठ के मवाना में परीक्षितगढ़ मार्ग पर मंगलवार को शीरे के टैंकर ने बाइक में पीछे से टक्कर मार दी। पहिये के नीचे कुचलने से सास बबली (50 वर्ष) और गभर्वती बहू रीना (25 वर्ष) की दर्दनाक मौत हो गई। रीना के गर्भ में पल रहे छह माह के भ्रूण के भी चीथड़े सड़क पर बिखर गए। बाइक चला रहे बबली के पति सुंदरलाल ने भ्रूण के अवशेष उठाकर पॉलिथीन में रखे। 

विज्ञापन


पुलिस ने परिजनों के पहुंचने से पहले शव पोस्टमार्टम के लिए भेजे तो आक्रोशित लोगों ने जाम लगा दिया। एसडीएम कमलेश गोयल और सीओ उदय प्रताप सिंह ने लोगों को समझाया। राज्यमंत्री दिनेश खटीक ने फोन से परिजनों से बात की, 50-50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता अपनी ओर से कर शासन से मदद दिलाने का भरोसा दिया। सुंदरलाल जानसठ के पास रटौर गांव के रहने वाले हैं और वह पत्नी बबली और पुत्रवधु रीना को लेकर रीना के मायके हुमायूंपुर जा रहे थे। 

परिजनों ने थाना प्रभारी पर लगाए अभद्रता के आरोप
परीक्षितगढ़ मार्ग पर हृदय विदारक हादसा होने के बाद भी थाना प्रभारी मौके पर नहीं पहुंचे। लोगों के हंगामे के बाद वह फोर्स लेकर पहुंचे। परिजनों ने आरोप लगाया कि थाना प्रभारी ने उनके साथ अभद्रता की। इस पर ब्लॉक प्रमुख हस्तिनापुर ने एसडीएम से थाना प्रभारी को तुरंत ट्रांसफर किए जाने की मांग की। बाद में राज्यमंत्री ने परिजनों की शिकायत पर सीओ को थाना प्रभारी की रिपोर्ट एसएसपी को भेजने के निर्देश दिए।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें: हस्तिनापुर: राज्य मंत्री दिनेश खटीक ने बुलेट से किया बाढ़ प्रभावित क्षेत्र का दौरा, नष्ट हुई फसल का दिलाएंगे मुआवजा

विज्ञापन

गर्भवती बहू और सास की मौत के बाद परिजनों में रोष था। हंगामे के दौरान हस्तिनापुर ब्लाक प्रमुख नितिन पोसवाल पीडितों के बीच पहुंचे। इस पर लोगों ने उनसे थाना प्रभारी के व्यवहार की शिकायत की। ब्लॉक प्रमुख ने एसडीएम से कहा कि क्या थाना प्रभारी को नहीं पता है कि तीन तीन मौत हुई हैं और वह लोगों से अभद्रता कर रहे हैं। मौके पर पहुंचे राज्यमंत्री दिनेश खटीक से भी परिजनों ने शिकायत की। उन्होंने सीओ उदय प्रताप सिंह को निर्देश दिए कि थाना प्रभारी की रिपोर्ट बनाकर एसएसपी को भेजी जाए। वे इस संबंध में एसएसपी से बात करेंगे।

पुलिस की संवेदनहीनता पर उठे सवाल
दुर्घटना में दो महिलाओं की ही मौत नहीं हुई। रीना के गर्भ में पल रहे छह माह के नवजात की मौत हुई है। हादसे में रीना के गर्भ का बच्चा भी बाहर आ गया। परिजनों के अनुसार, रीना का विवाह करीब एक वर्ष पहले हुआ था। वह करीब छह माह की गर्भवती थी। हादसे के बाद पुलिस ने तीनों के शवों को उठाकर भेज दिया, लेकिन शवों के अवशेष सड़क पर ही छोड़ दिए। जिसको बाद में रीना के पिता व परिवार के और सदस्यों ने एकत्र किया। ऐसे में लोगों ने पुलिस की संवेदनहीनता पर सवाल उठाए। 

सठला तक किया टैंकर का पीछा
बाइक सवार महिलाओं को मौत के घाट उतारने के बाद चालक ने टैंकर को दौड़ा दिया। एक बाइक से उसका पीछा गांव सठला तक किया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि टैंकर चालक ने किसी को भी आगे नहीं आने दिया। गनीमत रही कि कोई टैंकर की चपेट में नहीं आया। पीछा कर रहे बाइक सवार ने बताया कि उसने भागते टैंकर की नंबर प्लेट का मोबाइल से फोटो खींच लिया। उसने यह फोटो पुलिस को सौंपी है।

यह भी पढ़ें: कबाड़ियों पर शिकंजा: सोतीगंज में विरोध के बीच आदिल के घर कुर्की की कार्यवाही, भारी पुलिस बल रहा तैनात
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें