नामजद आरोपी अश्वनी ने उधम के साथ मिलकर दो महीने पहले करनावल, सरूरपुर में बैंक कर्मियों से रंगदारी मांगी थी। इस केस में भी अश्वनी नामजद है। सीओ कोतवाली अरविंद चौरसिया का कहना है कि इस गिरोह के बदमाश लगातार वारदात कर रहे हैं। इसलिए उन पर कार्रवाई की जा रही है।
चार थाने की पुलिस ने दी दबिश
चारों बदमाशों की तलाश में चार थानेे की पुलिस ने शुक्रवार को कई जगह पर ताबड़तोड़ दबिश दी है। पुलिस ने बताया कि गंगानगर, सरूरपुर, लिसाड़ीगेट और देहलीगेट थाने की पुलिस आरोपियों की तलाश में लगी है। एसएसपी प्रभाकर चौधरी ने बताया कि चारों थाना पुलिस को निर्देश दिए है कि वह गैंगस्टर में निरुद्ध आरोपियों को गिरफ्तार करें। पुलिस उधम के साथियों की तलाश में लग रही है।
उधम उन्नाव जेल में शिफ्ट
चौधरी चरण सिंह जिला जेल में बंद शातिर अपराधी उधम सिंह का गिरोह सक्रिय था और वह अपराध कर रहा था। कानून व्यवस्था का हवाला देकर पुलिस अधिकारी उधम को दूरदराज जेल में शिफ्ट कराने के लिये जेल प्रशासन को चिट्ठी लिखी थी। अमर उजाला ने इस समाचार को प्रमुखता से प्रकाशित किया। अब उधम सिंह को 550 किमी दूर उन्नाव जेल में शिफ्ट कर दिया।
कुख्यात उधम सिंह निवासी करनावल, सरूरपुर दस साल बाद जेल से छूटा था। जेल से छूटते ही वह अपने घर पहुंचा और फिर लोगों को धमकाना शुरू कर दिया। बैंक मैनेजर को भी धमकी दी और रंगदारी मांगी। इस मामले में वह एक महीने पहले जेल चला गया। जानकारी मिल रही थी कि उधम जेल से अपना गिरोह चला रहा है। इसके बाद एडीजी मेरठ जोन ने उधम सिंह को दूरदराज जेल में शिफ्ट कराने के लिये चिट्ठी लिख दी। इस पर जेल प्रशासन ने कार्रवाई कर दी।
शुक्रवार सुबह करीब 10 बजे उधम सिंह को मेरठ जेल से उन्नाव जेल में शिफ्ट कराया गया है। उधम मेरठ जेल में हाई सिक्योरिटी में था। वरिष्ठ जेल अधीक्षक राकेश कुुमार ने बताया कि उधम सिंह को उन्नव में शिफ्ट करने का आदेश बृहस्पतिवार को आया था।
शुक्रवार सुबह ही उसको शिफ्ट करा दिया है। वह उन्नाव जेल में भी हाई सिक्योरिटी बैरक में रहेगा। उधमसिंह की पेशी के दौरान पुलिस का कड़ा पहरा रहेगा। इसके अलावा जेल में मुलाकात करने वाले लोगों के बारे में भी जानकारी ली है।