फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बड़ा खुलासा: .32 पिस्तौल ने ली जुबैर और सालिम की जान, हत्या और आत्महत्या के बाद उठे कई सवाल

Sun, 19 Sep 2021 05:23 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ

सार

एलएलबी के छात्र सालिम की खुदकुशी और जुबैर की हत्या में .32 बोर की अवैध पिस्तौल इस्तेमाल हुई है। इसके बाद से इस हत्या और आत्महत्या के मामले में कई बड़े सवाल खड़े हो गए हैं। हालांकि पोस्टमार्टम रिपोर्ट का पुलिस इंतजार कर रही है। 
विज्ञापन
आत्महत्या करने वाला छात्र सालिम व जुबैर का फाइल फोटो दाएं - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मेरठ में एलएलबी के छात्र सालिम की खुदकुशी और जुबैर की हत्या में .32 बोर की अवैध पिस्तौल इस्तेमाल हुई है। घटनास्थल पर फोरेंसिक टीम ने खुलासा किया तो पुलिस अधिकारी भी हैरान रह गए। सालिम की पोस्टमार्टम की रिपोर्ट का पुलिस को इंतजार है। इसके बाद जुबैर की हत्या का बड़ा खुलासा करने का दावा किया है।
विज्ञापन


शास्त्रीनगर सेक्टर-13 निवासी हाजी फतेहयाब के खिलाफ डकैती और अन्य कई गंभीर अपराध में थानों में केस पंजीकृत हैं। फिलहाल वह लिसाड़ीगेट में डकैती के मुकदमे में वांछित भी चल रहा है। पार्षद जुबैर की हत्या में भी फतेहयाब को पुलिस मुख्य आरोपी मानकर जांच कर रही थी। फतेहयाब को पुलिस अब जेल ही भेजेगी, इसका अंदेशा पूरे परिवार को था। 

पिता डकैती और हत्या के मामले में जेल जा सकता है। अब इसे लेकर फतेहयाब को बेटा सालिम तनाव में था। वह एलएलबी फाइनल का स्टूडेंट था। इसके चलते उसने सारी जानकारी जुटा ली। जुबैर की हत्या में फतेहयाब पुलिस हिरासत में था। फोरेंसिक टीम ने पिस्तौल को कब्जे में लिया, जोकि अवैध थी।  पुलिस को एक मौके से कारतूस मिला।
विज्ञापन


पुलिस का दावा कि .32 बोर की पिस्टल से सालिम ने खुदकुशी की है। .32 बोर की अवैध पिस्टल से ही बदमाशों ने जुबैर की हत्या की है। इसको लेकर पुलिस अधिकारी हैरान रह गए। सालिम की शव अभी दिल्ली में है, उसका पोस्टमार्टम आज हाहोना था जिसकी रिपोर्ट आनी अभी बाकी है। पुलिस का कहना है कि .32 के बोर से जुबैर और सालिम की मौत हुई है। पुलिस गहनता से जांच कर रही कि कहीं दोनों घटना में एक ही पिस्तौल इस्तेमाल तो नहीं हुई। 

यह भी पढ़ें : चौधरी अजित सिंह की रस्म पगड़ी के दौरान भावुक हुए जयंत चौधरी, बोले- आपकी उम्मीदों को टूटने नहीं दूंगा

पिस्तौल कहां से आई 
पुलिस को अंदेशा कि सालिम की आत्महत्या के पीछे भी राज हो सकता है। सालिम की मौत के बाद स्थानीय लोगों में अलग-अलग चर्चाएं चल रही है। पुलिस सभी बिंदु पर बारीकी से जांच कर रही है। उनके घर अवैध पिस्तौल कहां से आई, इसके बारे में भी जानकारी पुलिस लेगी। खुदकुशी के बाद एक विवादित दरोगा भी शास्त्रीनगर में दिखाई दिया है। उसकी भी जांच पुलिस कर सकती है। फतेहयाब को सालिम होनहार बेटा था। उसने ऐसा कदम क्यों उठाया, इसको लेकर स्थानीय लोग अलग-अलग बातें बता रहे है। 

‘अम्मी मुझे माफ कर देना, मैं कमजोर हूं’ 
सालिम का एक खून से सना अंग्रेजी में लिखा सुसाइड नोट भी पुलिस को मिला। लिखा कि अम्मी मुझे माफ कर देना, मैं कमजोर हूं। पापा का दर्द सहन नहीं कर पा रहा हूं। ऐसे समय पर मुझे परिवार के साथ ही रहना चाहिए, लेकिन मैं आपको छोड़कर जा रहा हूं। सुसाइड नोट में सालिम ने नाम लिए बगैर अप्रत्यक्ष रूप से पुलिस पर आरोप लगाए हैं। पुलिस ने घटनास्थल से अवैध पिस्तौल, सुसाइड नोट और कारतूस बरामद किया है।

यह भी  पढ़ें : अंडर -19 क्रिकेट: यूपी टीम में मेरठ के खिलाड़ियों का पंच, वीनू मांकड़ ट्रॉफी के लिए प्रतिभा दिखाएंगे ये पांच धुरंधर

फतेहयाब ने कहा, पुलिस की भी हो जांच
फतेहयाब ने बताया कि हत्याकांड में पुलिस जिन लोगों को फंसाना चाहती है वह तो सब बेकसूर है। पुलिस ने चार-पांच लोगों को बैठाया हुआ है। पुलिस के पास कोई शूटर नहीं है। पुलिस अनावश्क लोगों पर दबाव बनाकर हत्या का खुलासा करना चाहती है। इसमें पुलिस की जांच होनी चाहिए।  
विज्ञापन

पहले गंभीर आरोप, फिर सफाई 
घटना के बाद पुलिस भी फतेहयाब के साथ उसके घर शास्त्रीनगर में पहुंची। फतेहयाब ने आरोप लगाया कि एसओजी प्रभारी ने उसको जबरन जुबैर की हत्या में फंसाने की प्लानिंग बनाई। पुलिस 14 दिन से लगातार उसका उत्पीड़न कर रही है। चार दिन से उसको पुलिस ने हिरासत में लिया है। बार-बार कहा कि जुबैर से कोई विवाद नहीं हुआ, लेकिन पुलिस मानने को तैयार नहीं थी। फतेहयाब ने कहा कि जुबैर का इरशाद से सात करोड़ रुपये को लेकर विवाद है। तीन-चार घंटे बाद ही फतेहयाब ने सफाई दी कि पुलिस से उसे कोई शिकायत नहीं है। पुलिस निष्पक्ष जांच करें।

पूर्व मंत्री का करीबी है फतेहयाब
फतेहयाब मूल निवासी राधना किठौर का बताया गया। जहां पर हथियार बनाने का धंधा चलता है। वह सपा के पूर्व मंत्री का बेहद करीबी बताया गया है। जुबैर हत्याकांड में शक के आधार पर फतेहयाब के साथ उसके गांव के ही जब्बार का नाम मुकदमे में लिखा हुआ है। जिन लोगों के नाम केस में हैं, उन सब से पुलिस पूछताछ कर रही है।  

जुबैर हत्याकांड में गहरी जड़ें 
पुलिस का दावा है कि जुबैर की हत्या में वह जल्द खुलासा करेंगे। जिन जिन लोगों ने जुबैर की हत्या की या फिर कराई है। उनमें से कुछ लोग हिरासत में हैं। शनिवार को सालिम की आत्महत्या का मामला न उलझता तो शायद पुलिस हत्याकांड का खुलासा कर सकती थी।
  
खुदकुशी क्यों की इसकी जांच होगी
हाजी फतेहयाब शातिर अपराधी है। वह एक डकैती के मामले में वांछित चल रहा है। फतेहयाब के बेटे ने खुदकुशी क्यों की, इसकी पुलिस जांच करेगी। जुबैर हत्याकांड में फतेहयाब पर पुलिस का शक गहराया है। इस हत्याकांड का पुलिस जल्द खुलासा करेगी। पुलिस कस्टडी में फतेहयाब नहीं था। -विनीत भटनागर, एसपी सिटी
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें