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यूपी: थाने में बैठी तीन तलाक पीड़िता आयशा ने कार्रवाई के आश्वासन पर चौथे दिन समाप्त किया धरना

Sun, 08 Sep 2019 04:33 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
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थाने में मौजूद तीन तलाक पीड़िता आयशा व मुस्लिम राष्ट्रीय मंच की राष्ट्रीय संयोजिका फरहा फैज - फोटो : अमर उजाला
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तीन दिन से तलाक पीड़िता आयशा चौथे दिन भी मेरठ के नौचंदी थाने में धरने पर बैठी रही। उसने चेतावनी दी है कि जब तक आरोपी पति जेल नहीं जाएगा, वह थाने से नहीं जाएगी। नौचंदी क्षेत्र के ढवाईनगर करीमनगर निवासी आयशा को पति सरफराज ने तलाक दे दिया है।

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पुलिस ने तीन तलाक में मुकदमा दर्ज कर लिया है। वहीं आरोपी पति पांच सितंबर को दूसरी शादी करने के बाद से फरार है। इंस्पेक्टर नौचंदी तपेश्वर सागर का कहना कि आरोपी की तलाश में मुरादनगर में दबिश दी, लेकिन वह नहीं मिला। उसकी मां और भाई को हिरासत में लिया है। अधिकारियों ने सख्त कार्रवाई का आश्वासन देकर पीड़िता का धरना समाप्त कराया। 

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थाना नौचंदी मैं आयशा नाम की एक युवती पिछले तीन दिन से धरने पर बैठी हुई थी। रविवार को मुस्लिम राष्ट्रीय मंच की राष्ट्रीय संयोजिका शाहीन परवेज आयशा के पास नौचंदी थाने में पहुंची और इस मामले में अपना आक्रोश जाहिर किया। उन्होंने इंस्पेक्टर नौचंदी थाना सीओ  सिविल लाइन से कार्रवाई की मांग की।

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अधिकारियों ने शाहीन परवेज को सख्त कार्यवाही करने का आश्वासन दिया। उन्होंने आयशा के पति की कुर्की कराने की मांग की। सीओ सिविल लाइन ने सोमवार को कुर्की कराने का आश्वासन देकर चौथे दिन आयशा का धरना समाप्त कराया।

इस दौरान थाने पर आयशा के माता-पिता और क्षेत्र के संभ्रांत लोग मौजूद रहे। पुलिस द्वारा कार्रवाई की बात कहे जाने पर आयशा अपने माता पिता और ताऊ के साथ अपने मायके ढवाई नगर चली गई है। वहीं शाहीन परवेज ने कहा विवाहिता को उसके पति ने तलाक दे दिया है। जो कानूनी तौर पर अमान्य है। मुस्लिम महिला विवाह संरक्षण अधिनियम संशोधन एक्ट 3/4 के तहत तलाक -ए  बिददत कानूनी अपराध की श्रेणी में आ गया है। 
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एक्ट की धारा 3 के तहत तलाक -ए-बिददत अमान्य हैं। जब तक लड़की माननीय मजिस्ट्रेट की कोर्ट में खड़ी होकर  अपनी बात नहीं रखेगी या जब तक माननीय मजिस्ट्रेट लड़की को नहीं सुन लेंगे तब तक इसमें लड़के को बेल नहीं दी जाएगी। वहीं मामले में आयशा का कहना है उसके दो छोटे-छोटे बच्चे हैं। वह इस तलाक को नहीं मानती और अपने पति के साथ ही रहना चाहती है।
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