पुलिस ने हत्या का खुलासा किया।
- फोटो : amar ujala
मेरठ में कोयला व्यापारी अरुण कुमार जैन की हत्या के मामले में आरोपी बेटे आयुष और दो शूटरों को गुरुवार को जेल भिज दिया है। बेटा प्रेमिका से शादी करने की जिद पर अड़ा था और पिता उसकी शादी दूसरी लड़की से करना चाहते थे। इसे लेकर पिता-पुत्र में विवाद रहता था।
ब्रह्मपुरी थाना क्षेत्र के मेजर ध्यानचंद नगर में पंजाबीपुरा निवासी अरुण कुमार जैन की 26 अप्रैल को गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। स्कूटी पर सवार दो बदमाशों ने वारदात को अंजाम दिया था। अरुण के पास उसके बेटे आयुष जैन बैठा था। तभी बदमाशों ने वारदात को अंजाम दिया था। आयुष ने ही पुलिस को सूचना दी थी।
ब्रह्मपुरी पुलिस ने इस मामले की जांच की। इसमें बेटा आयुष ही अपने पिता अरुण की हत्या का मास्टरमाइंड निकला है। पुलिस ने कई मोबाइल की सीडीआर निकाल ली है। इसके बाद मुखबिर की सूचना पर कृष्ण कुमार जिंदल निवासी लालपुर खरखौदा और अर्पित शर्मा निवासी शताब्दीनगर को गिरफ्तार किया। दोनों आरोपियों ने अरुण जैन को गोली मारी थी। पुलिस ने प्रयुक्त पिस्टल और स्कूटी भी बरामद कर ली।
एक माह पहले से ही प्लानिंग कर दी थी शुरू
दोनों शूटर कृष्ण कुमार जिंदल और अर्पित शर्मा को गिरफ्तार करने के बाद ही ब्रह्मपुरी पुलिस ने अरुण जैन के बेटे आयुष जैन को गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक, आयुष कुमार जैन ने बताया है कि वह एक लड़की से प्यार करता है और उसी से शादी करना चाहता था। लेकिन उसके पिता अरुण जैन किसी दूसरी लड़की से उसकी शादी करने की बात कहते थे। इसी के चलते उसने अपने दोस्तों को पिता की हत्या करने के लिए तैयार किया और वारदात करा दी। पिता की हत्या की एक महीने पहले प्लानिंग बनानी शुरू कर दी थी।
जेल भेज दो या गोली मार दो
पीड़ित परिवार को पहले विश्वास नहीं हुआ कि आयुष जैन ने अपने पिता की हत्या कराई है। जब पुलिस ने आयुष से पूछताछ की और परिजनों के सामने सारी कहानी बताई। तब परिजनों को यकीन हुआ। बस फिर क्या था परिवार के लोगों ने पुलिस से कह दिया कि इस को जेल भेज दो या गोली मार दो हमें कोई फर्क नहीं पड़ेगा। इस बेटे की जरूरत नहीं है।
कोयला व्यापारी की हत्या के मामले में बेटे और उसके दो साथियों को पुलिस ने जेल भेज दिया है। तीनों ने हत्या करना कबूल कर लिया है। हत्या में प्रयुक्त पिस्टल और स्कूटी भी बरामद कर ली है।
- अमित कुमार राय, सीओ ब्रह्मपुरी
ये भी पढ़ें
. अमर उजाला की पड़ताल: मरीज लाचार, चार आश्रय गृहों में 360 बेड पड़े बेकार, सबूत हैं ये तस्वीरें
. मेरठ: शराब कांड को लेकर एक और बड़ा खुलासा, ऐसे हुई थी 10 लोगों की मौत, जांच जारी