यूक्रेन से किठौर लौटी उरूज फातिमा अपने परिवार के साथ। संवाद
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बेसमेंट में रही...20 किलोमीटर पैदल चल एयरपोर्ट पहुंची
यूक्रेन से किठौर मे ननिहाल पहुंचीं उरूज फातिमा ने बताया कि वह लाइटें बंद कर बेसमेंट में रहीं। यूनिवर्सिटी खाली कर खाने का सामान लेकर निकले। रोमानिया आने के लि 30 हजार रुपये में टैक्सी की, लेकिन रास्ते में जाम लगने के कारण करीब 20 किमी पहले ही उतार दिया। पैदल चलकर रोमानिया एयरपोर्ट पहुंचे।
उरूज के पहुंचने पर परिजनों का खुशी का ठिकाना नहीं रहा। शुभचिंतकों का तांता लगा रहा। वह यूक्रेन के लवीव शहर की नेशनल मेडिकल यूनिवर्सिटी में एमबीबीएस की द्वितीय वर्ष की छात्रा है। उसने बताया कि यूक्रेन में भारत के करीब 15 से 20 हजार छात्र फंसे हैं। रोमानिया बॉर्डर पर दो हजार छात्र फ्लाइट के इंतजार में हैं। उरूज ने बताया की उसके पिता मोहम्मद आरिफ इंजीनियर हैं, मां फरहत जहां, भाई तारिक और सारिक हैं। उसके बारे में जानकारी करने के लिए एसीएम तृतीय अरुण कुमार भी उनके घर पहुंचे।