नवंबर में एक्यूआई का स्तर
3 नवंबर : 296
4 नवंबर : 490
5 नवंबर : 440
6 नवंबर : 427
7 नवंबर : 421
8 नवंबर : 410
9 नवंबर : 425
10 नवंबर : 331
11 नवंबर : 325
12 नवंबर : 404
13 नवंबर : 322
अस्थमा और दिल के मरीज हैं तो सजग रहें
मेरठ। फिजिशियन डॉ. विश्वजीत बैंबी का कहना है कि सामान्य वयस्क जहां साल में तीन से चार बार सर्दी-जुकाम का शिकार होते हैं, वहीं गर्भवती महिलाओं, बुजुर्ग और कमजोर इम्युनिटी वालों के लिए परेशानी ज्यादा बढ़ जाती है। बुजुर्गों और बच्चों पर ऐसे मौसम और प्रदूषण का गहरा असर होता है, क्योंकि इनकी प्रतिरोधक क्षमता कम होती है। प्रदूषण में सावधानी न बरतना सेहत के लिए नुकसानदेह हो सकता है। सांस एवं छाती रोग विशेषज्ञ डॉ. वीरोत्तम तोमर का कहना है कि प्रदूषण से लोगों को सांस की समस्याएं अधिक होती हैं।
बच्चों को बचाएं
बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. अंजुम का कहना है कि बच्चों की प्रतिरोधी क्षमता कमजोर होती है, इस कारण उनके लिए सर्दी-जुकाम, बुखार के अलावा निमोनिया का खतरा बढ़ जाता है। घर की खिडकी-दरवाजे बंद रखें।
-घर से बाहर निकलते समय मुंह, नाक और कान पर कपड़ा बांधें या मास्क लगाएं
-मरीज, बच्चे और बुजुर्ग घर में ही रहें
-पुराने दमा के रोगियों की परेशानी बढ़ जाती है। ऐसे मरीजों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है
-सफाई का ध्यान रखें, ठंड के कारण सफाई में लापरवाही न बरतें
-बच्चे मॉस्क लगाकर ही स्कूल जाएं