पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि बाइक और मोबाइल लूटने के लिए की गई थी। आरोपी मन्नू और संजय को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। तीसरा आरोपी विजय अभी फरार है।
कंकरखेड़ा रेलवे ओवरब्रिज के नीचे 510 आर्मी बेस वर्कशाप क्रेडिट को-ऑपरेटिव बैंक के पास शुक्रवार सुबह युवक का अधजला शव मिला था। पुलिस और फोरेंसिक टीम को घटना स्थल पर पहुंचकर जांच की। मौके से बीयर और शराब की खाली बोतलें मिलीं थीं।
आशंका जताई जा रही थी कि शराब पिलाने के बाद युवक की हत्या की गई और पहचान मिटाने के मकसद से शव जला दिया गया। शव के पास ही खून से सनी सीमेंट की टाइल पड़ी थीं और खून फैला था। पास से मिले पैनकार्ड के जरिए युवक की पहचान सचिन प्रजापति के रूप में हुई थी।
सचिन के पिता सुखवीर और मां मुकेश देवी पल्लवपुरम के डौरली में रहते हैं। सचिन डौरली में फास्ट फूड की दुकान चलाता था। वह पत्नी मोनिका, पांच वर्षीय पुत्र दक्ष और 11 माह के दूसरे पुत्र के साथ कंकरखेड़ा के नंगलाताशी में रहता था।
एसएसपी डॉ. विपिन ताडा ने बताया कि घटना की जांच में जुटी पुलिस ने मन्नू आर्या निवासी जवाहरपुरी कंकरखेड़ा और संजय निवासी इंदिरा मार्किट लोनी गाजियाबाद को गिरफ्तार कर लिया। मन्नू फिलहाल कंकरखेड़ा फ्लाईओवर के नीचे रह रहा था। जबकि संजय न्यू अशोकपुरी कंकरखेड़ा में अपने बहनोई नरेश के यहां रह रहा था।
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संजय के पास सेे सचिन से लूटा गया मोबाइल बरामद किया। मन्नू की निशानदेही पर घटना के समय पहनी खून से सनी शर्ट बरामद की। आरोपियों ने बताया कि सचिन ओवरब्रिज के नीचे शराब पी रहा था। उन्होंने विजय निवासी बादाम मंडी कंकरखेड़ा के साथ मिलकर सचिन से बाइक और मोबाइल लूटने का प्रयास किया।
विरोध करने पर उसके सिर पर ईंट मारकर मरणासन्न कर दिया। उसकी जेब से मोबाइल फोन निकाल लिया। पैनकार्ड और एटीएम कार्ड वहीं फेंक दिए। आरोपी विजय को पुलिस तलाश कर रही है। एसएसपी ने एसपी सिटी और सीओ कैंट के नेतृत्व में तीन टीमें गठित की थी। 48 घंटे में घटना का खुलासा कर दिया। एसएसपी ने टीम को 25 हजार रुपये के इनाम की घोषणा की है।