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कुश्ती खेल में तगड़ा झटका: छलका खिलाड़ियों का दर्द, अमर उजाला से खास बातचीत के दौरान हुए भावुक, तस्वीरें

Fri, 07 Oct 2022 01:42 PM IST
कपिल kapil न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ

सार

खिलाड़ियों का सपना टूटा तो उनका दर्द छलक पड़ा। खिलाड़ियों का कहना है कि अब उन्हें आठ साल का इंतजार करना पड़ेगा। पढ़िए इन खिलाड़ियों का क्या कहना हैं।
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कुश्ती खिलाड़ी - फोटो : अमर उजाला
2026 में ऑस्ट्रेलिया में होने वाले राष्ट्रमंडल खेलों में कुश्ती खेल को बाहर कर दिया गया है। राष्ट्रमंडल खेल महासंघ व ऑस्ट्रेलिया राष्ट्रमंडल संघ ने यह घोषणा की है। जिसे लेकर कुश्ती खिलाड़ियों में रोष है।

चौ. चरण विवि के रुस्तम-ए-जमां दारा सिंह स्टेडियम में प्रशिक्षण ले रहीं अंतरराष्ट्रीय व राष्ट्रीय खिलाड़ियों ने इसका विरोध किया है। खिलाड़ी बोले हमारा तो सपना टूट गया है, जबकि राष्ट्रमंडल खेलों के लिए आठ साल का इंतजार करना पड़ेगा। इसके बाद भी कुश्ती खेल को शामिल करेंगे इसका भरोसा नहीं है।

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खिलाड़ी रजनी। - फोटो : amar ujala
खिलाड़ियों ने राजनीति के तहत कुश्ती को हटाने का आरोप लगाया है। कोच डॉ. जबर सिंह सोम ने कहा 2026 राष्ट्रमंडल खेलों की मेजबान आस्ट्रेलिया का कुश्ती खेल कमजोर होने के कारण यह निर्णय लिया गया।

आठ साल का गैप हो गया 
कॉमनवेल्थ गेम्स में पदक जीतने के जीतने के लिए कुश्ती खिलाड़ी सालों से इंतजार कर रहे हैं। लेकिन एक गलत निर्णय से आठ साल का गैप आ गया। जो निराशाजनक है।  - रजनी, अंतरराष्ट्रीय कुश्ती खिलाड़ी 

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खिलाड़ी निशा तोमर। - फोटो : amar ujala
भारतीय खेलों के साथ ही ऐसा होता है
शूटिंग और ऑर्चरी के बाद कुश्ती के साथ ऐसा हुआ। शूटिंग की वापसी की तो कुश्ती खेल को बाहर कर दिया। भारतीय खेलों के साथ ही ऐसा हो रहा है, ये गलत है। - मनु तोमर, अंतरराष्ट्रीय कुश्ती खिलाड़ी 

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सरकार को कुश्ती का बचाव करना चाहिए
ओलंपिक गेम्स एक टफ स्पर्धा है, जबकि राष्ट्रमंडल खेलों में चुनिंदा देश ही शामिल होते हैं। ऐसे में खिलाड़ियों के पदक जीतने की आस बढ़ जाती है। सरकार को कुश्ती खेल का बचाव करना चाहिए। - निशा तोमर, अंतरराष्ट्रीय कुश्ती खिलाड़ी 

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खिलाड़ी प्रियांश सोम। - फोटो : amar ujala
निर्णय निराशा देने वाला है 
राष्ट्रमंडल खेलों में भारतीय खिलाड़ियों का कुश्ती खेल में प्रदर्शन शानदार रहा है। ऐसे में यह निर्णय निराशा देने वाला है। - प्रियांश सोम, राष्ट्रीय कुश्ती खिलाड़ी 
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डॉ. जबर सिंह सोम, सीनियर कुश्ती कोच। - फोटो : amar ujala
फैसले पर विचार होना चाहिए
2026 में राष्ट्रमंडल खेल होंगे, इस फैसले पर विचार होना चाहिए। इससे खिलाड़ियों का बेहद नुकसान होगा। हमारे खिलाड़ी कॉमनवेल्थ गेम्स में शानदार प्रदर्शन करते हैं। - इब्राहिम गाजी, राष्ट्रीय कुश्ती खिलाड़ी 

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आस्ट्रेलिया के कारण कुश्ती बाहर किया
मेजबान आस्ट्रेलिया का कुश्ती खेल कमजोर रहा है, ऐसे में मेजबान देश के हस्तक्षेप से कुश्ती खेल बाहर किया गया। जो किया बहुत दुख का विषय है। - डॉ. जबर सिंह सोम, सीनियर कुश्ती कोच
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