परियोजना निदेशक वीके श्रीवास्तव ने बताया कि एक आवास 25 वर्ग मीटर क्षेत्रफल में बनता है। एक आवास के निर्माण की लागत एक लाख 20 हजार रुपये की धनराशि तय है। निर्माण की राशि लाभार्थी को निर्माण के स्टेज के अनुसार मिलती है। स्टेज शासन की वेबसाइट पर अपलोड होती है। गुणवत्ता की जांच के बाद ही पैसा दिया जाता है। 23 दिसंबर को मुख्यमंत्री आवास योजना के 48 लाभार्थियों को चांदपुर विधायक कमलेश सैनी और डीएम रमाकांत पांडेय ने आवासों की चाबी सौंपी है।
जिला ग्राम्य विकास संस्थान के परियोजना निदेशक वीके श्रीवास्तव ने बताया कि केंद्र के निर्देश पर सामाजिक आर्थिक जनगणना 2011 में छूटे आवास के लिए 20752 पात्र ग्रामीणों का चयन किया गया है। चयनित ग्रामीणों को प्रधानमंत्री आवास या मुख्यमंत्री आवास योजना में आवास मिलेगा। पात्रों की सूची फाइनल करके केंद्र व राज्य को मंजूरी के लिए भेजी गई है। स्वीकृति का काम अंतिम चरण में है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस बाबत 23 दिसंबर को लखनऊ में अधिकारियों की मीटिंग की है। अंतिम सूची जल्द मिलने की उम्मीद है।
जिले को बेस्ट इंपलीमेंट अवार्ड
जिले को प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण में वित्तीय वर्ष 2016-17 के लिए बेस्ट इंपलीमेंट अवार्ड मिल चुका है, जो दिल्ली में केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं पंचायती राजमंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने माह के शुरू में प्रदान किया है। जिले का नहटौर ब्लाक तीन सालों के क्रियान्वयन के आधार पर देश में दूसरे और सूबे में पहले स्थान पर है। तय मानकों पर आवासों की गुणवत्ता भी सही मिली है।
नोट- इन खबरों के बारे आपकी क्या राय हैं। हमें फेसबुक पर कमेंट बॉक्स में लिखकर बताएं।
शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें
https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/