फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अवैध संबंधों के खातिर बेटे को मार डाला: पहले खाना खिलवाया और शराब पिलाई, फिर सुपारी किलर संग पिता ने ले ली जान

Mon, 28 Aug 2023 06:34 PM IST
आकाश दुबे अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ

सार

हत्याकांड का खुलासा मां मुनेश देवी की तहरीर के बाद हुआ। 26 अगस्त को सचिन की मां ने गुमशुदगी की तहरीर देते हुए पति पर शक जताया था। इसके बाद पुलिस ने पिता संजीव को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो पूरा मामला खुल गया।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले में खून के रिश्तों को तार-तार कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां सरधना थाना क्षेत्र के छुर गांव में पिता ने ही अवैध संबंधों के खातिर बेटे को मार डाला। पिता संजीव तालियान ने बेटे सचिन की हत्या के लिए पिता ने गांव के ही अमित को पांच लाख की सुपारी दी थी। हैरानी की बात है कि वारदात वाले दिन अमित ने सचिन को झांसे में लिया और मेरठ के एक होटल में खाना खिलाया। फिर अमित और सचिन मेरठ करनाल हाईवे से भूनी पहुंचे और एक शराब की बोतल खरीदी। शराब पीने के बाद बेहोश होने पर अमित ने व्हाट्सएप कॉल कर संजीव को बुला लिया। वहां पहुंचकर दोनों ने ईंट से वार किया और गमछे से गला दबाकर हत्या की। 

विज्ञापन

यह है मामला
मेरठ से सटे सरधना थाना क्षेत्र के छुर गांव में पिता संजीव तालियान (50) द्वारा बेटे सचिन (27) की हत्या की वारदात से हर कोई हैरान है। हत्याकांड का खुलासा मां मुनेश देवी की तहरीर के बाद हुआ। 26 अगस्त को सचिन की मां ने गुमशुदगी की तहरीर देते हुए पति पर शक जताया था। इसके बाद पुलिस ने संजीव को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो पूरा मामला खुल गया।

थाना प्रभारी रमाकांत पचौरी ने बताया कि संजीव तालियान अपने बेटे सचिन को रास्ते से हटाने के बाद दूसरी शादी करने की तैयारी में था। पुलिस की जांच में सामने आया कि संजीव ने कुछ संपत्ति खरीदी थी, जो अवैध संबंधों में एक महिला के बच्चों के नाम कर दी। 

पिता से अलग रह रहा था सचिन
जिस कारण सचिन और मुनेश की परिवार में कलह बढ़ती जा रही थी। कुछ दिन पहले भी सचिन पर रास्ते में गाड़ी चढ़ाकर हत्या करने का प्रयास किया गया था। सचिन एक ऑनलाइन शॉपिंग कंपनी में डिलीवरी पहुंचाने का काम करता था। बीमार मां के साथ पिता से अलग गांव में रह रहा था। 22 अगस्त को सचिन मां को देखने अस्पताल गया था। रास्ते से ही वह लापता हो गया था। 

मां बोली-मेरा तो सब कुछ खत्म हो गया
नदी से सचिन का शव निकालकर पुलिस ने उसकी मां से शनाख्त कराई। बेटे का गला-सड़ा शव देख मां बदहवास होकर गिर पड़ी। यही कहती रही कि मेरा लाल चला गया अब मेरा ख्याल कौन रखेगा। मेरा तो सबकुछ खत्म हो गया।
 

वर्ष 2015 में भी जेल जा चुका है अमित
पुलिस के अनुसार अमित (30) पहले भी एक हत्या के मामले में 2015 में जेल जा चुका है। सचिन की हत्या के बाद संजीव और अमित ने रिश्तेदारों को फंसाने की कोशिश की। मोबाइल को बिटावदा में गोबर के ढेर में दबा दिया था।

विज्ञापन

हिंडन नदी के आसपास बागपत और बुढ़ाना क्षेत्र में सचिन की कई रिश्तेदारी हैं। ऐसे में रिश्तेदारों पर शक जाए, इसको देखते हुए मोबाइल बायवाला के पास छिपा दिया। बाइक और शव अलग-अलग फेंक दिए। बाइक की नंबर प्लेट तोड़कर जमीन में दबा दी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें