इस सितंबर कम हुआ कोरोना का सितम
पिछले साल सितंबर में कोरोना ने कहर ढाया था, लेकिन इस बार मामले पिछले साल की अपेक्षा कम है। पिछले साल 19 दिन में कोरोना के 3045 मरीज मिले थे और 62 लोगों की मौत हुई थी। इस बार 19 दिन में 89066 सैंपलों की जांच में कोरोना के सिर्फ चार मरीज मिले हैं और मौत कोई नहीं हुई है।
इस बार भी डर था कि कोरोना सितंबर में कहर बरपाएगा। लेकिन अभी तक हालात बेहतर हैं, जिससे राहत मिलती दिख रही है। कोरोना की तीसरी लहर आएगी या नहीं, आएगी तो कितना कहर बरपाएगी इस पर कुछ भी कहना जल्दबाजी होगा। लेकिन राहत की बात यह है जिस तरह से सितंबर में तीसरी लहर की आशंका जताई जा रही थी, वह मेरठ में कम होती नजर आ रही है। स्वास्थ्य विभाग भी इससे राहत की सांस लिए हुए है। डॉक्टरों का कहना है कि पिछले साल के 19 दिन के मुकाबले स्थिति बेहतर है, लेकिन लोगों को एहतियात बरतनी चाहिए।
31600 को टीके का लक्ष्य
आज 84 बूथों पर टीकाकरण किया जाएगा। 31600 लोगों के टीका लगाने का लक्ष्य है। जिले में दूसरी डोज लगवाने वालों की संख्या 5 लाख 47 हजार 911 पहुंच गई है, पहली डोज लगवाने वाले 15 लाख 33 हजार 29 लोग हैं। अब ऑनलाइन पंजीकरण वाले लाभार्थियों को टीकाकरण में प्राथमिकता दी जा रही है। सुबह 10 से दोपहर दो बजे तक ऑनलाइन पंजीकरण करा सकते हैं।
लगातार जारी है जांच
सीएमओ डॉ. अखिलेश मोहन का कहना है कि कोरोना के मरीज बहुत कम मिल रहे हैं, लेकिन जांच लगातार जारी है। इसके अलावा सीरो सर्वे भी अगली लहर की तैयारी के लिए किया गया है। इस सर्वे के नतीजे के आधार पर संक्रमण का फैलाव पता चलता है। इस सामुदायिक सर्वे के नतीजे के अध्ययन के आधार पर शासन भविष्य में रोग की रोकथाम के लिए कार्ययोजना बनाता है। हालांकि सीरो सर्वे की रिपोर्ट का इंतजार है।
लगाएं मास्क, सामाजिक दूरी का हमेशा करें पालन
अपर निदेशक स्वास्थ्य डॉ. राजकुमार का कहना है कि भले ही मरीज कम हैं, लेकिन कोरोना पर अंकुश लगा रहे, इसके लिए सोशल डिस्टेंसिंग, मास्क और सफाई का पालन करना ही होगा।