आरोप है कि 19 मार्च 2010 को अजय प्रकाश सिंह की हत्या के मामले के गवाह राम सिंह मौर्य और उनकी सुरक्षा में लगे सिपाही सतीश की एआरटीओ कार्यालय के पास गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस पर बहस होनी है। दूसरे मामले को आधार बनाकर दक्षिण टोला थाने में गैंगस्टर एक्ट के तहत मुख्तार अंसारी व अन्य के विरुद्ध एफआईआर दर्ज हुई। इसमें साक्ष्य की कार्यवाही चल रही है।
तीसरा मामला भी इसी थाना क्षेत्र का है। अभियोजन के अनुसार, तत्कालीन थानाध्यक्ष निहाल नंदन की तहरीर पर मुख्तार अंसारी पर फर्जी असलहा प्रकरण में की गई पैरवी को आधार मानते हुए एफआईआर दर्ज हुई थी। जिसमें मुख्तार अंसारी सहित सात लोग आरोपी बने थे।
उक्त मामले में शुक्रवार को आरोप तय होना था। चौथा मामला सरायलखंसी थाना क्षेत्र का है। विधायक निधि के दुरुपयोग के मामले में दर्ज मुकदमे में मुख्तार अंसारी की पेशी हुई। अंसारी के अधिवक्ता दारोगा सिंह ने दोनों मामलों में बहस के लिए समय मांगा है।