मथुरा(वृंदावन)। लोगों को धर्म और सत्य के मार्ग पर चलने का पाठ पढ़ाने वाले एक भागवताचार्य के परिवार में ही कलह हो गई है। उनके दो छोटे भाइयों की विधवा पत्नियों ने उन पर खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। महिलाओं ने नोएडा में प्रेसवार्ता करके जायदाद हड़पने के गंभीर आरोप लगाते हुए मथुरा एसएसपी को पत्र लिखकर जान माल की रक्षा की गुहार लगाई है। इस संबंध में पीड़ित महिलाओं ने महिला आयोग की प्रदेश अध्यक्ष विमला बाथम से मिलकर न्याय मांगा है।
संतोष गोस्वामी ने नोएडा में मीडिया को बताया कि उनकी शादी वृंदावन निवासी विपुल गोस्वामी के साथ हुई थी, उनकी मौत के बाद उनके पति के बड़े भाई भागवताचार्य ने उनके पति के जायदाद वाले हिस्से पर अपना हक जमाना शुरू कर दिया। मुझे और मेरे बच्चों को मजबूर कर दिया कि वह लोग वृंदावन छोड़ कर अपने मायके बालों के साथ नोएडा या दिल्ली जाकर रहें। जब-जब वृंदावन जाकर अपने स्वर्गवासी पति के पुश्तैनी मकान में रहकर अपना जीवन यापन करना चाहा, तब-तब उसके जेठ ने गुंडों से उसे धमकाकर वहां से भगा दिया।
पीड़िता का कहना है कि इसकी शिकायत दिल्ली पुलिस एवं मथुरा पुलिस से भी की जा चुकी है। लेकिन भागवताचार्य इतने प्रभावशाली हैं कि उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं कर रहा है। संतोष के साथ उनकी दूसरी जेठानी पूजा गोस्वामी ने कहा कि उनके पति अतुल गोस्वामी की मृत्यु होने के बाद कथाकार ने उनको भी वैसे ही तंग करना शुरू किया, जैसे उन्होंने अपने छोटे भाई विपुल गोस्वामी की पत्नी और उनके बच्चों के साथ किया था।
आरोप लगाया कि जेठ और उनके गुंडों से तंग आकर मानवाधिकार आयोग में अपने, अपने बेटे और जवान बेटियों के लिए न्याय की गुहार लगाई है। उन्होंने मानवाधिकार आयोग, प्रदेश के सीएम पर भरोसा जताया कि उन्हें न्याय मिलेगा। मांग की कि सीएम उनके इस मामले में भी स्वत:संज्ञान लेंगे। मथुरा के एसएसपी डॉ.गौरव ग्रोवर ने बताया कि शिकायत मिलने पर जांच करके कार्रवाई की जाएगी।