संवाद न्यूज एजेंसी
महोबा। कोतवाली क्षेत्र के डहर्रा पहाड़ में ब्लास्टिंग के लिए छेद करते समय 100 फीट गहरी खदान में गिरने से एक श्रमिक की मौत हो गई। घटना के दौरान काम कर रहे अन्य श्रमिकों में भगदड़ मच गई। परिजनों ने पहाड़ संचालक पर बिना सुरक्षा उपकरण काम कराने का आरोप लगाया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। घटना से मृतक के परिजनों का अस्पताल परिसर में रो-रोकर बुरा हाल रहा।
कस्बा कबरई के विशालनगर निवासी धनीराम अनुरागी (42) डहर्रा स्थित पहाड़ में मजदूरी का काम करके परिवार का भरण-पोषण करता था। मंगलवार की सुबह वह रोजाना की तरह काम करने गया था। पहाड़ में रस्सी के सहारे चढ़कर ब्लास्टिंग के लिए छेद कर रहा था। तभी पैर फिसलने से वह 100 फीट गहरी खदान में गिर गया। इस दौरान नीचे काम कर रहे श्रमिकों की खलबली मच गई। गंभीर रूप से घायल धनीराम को श्रमिक जिला अस्पताल लाए। जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया।
मृतक के भांजे सरमन ने बताया कि पहाड़ में काम करते समय हादसा हुआ। आरोप लगाया कि पहाड़ संचालक बिना सुरक्षा उपकरण श्रमिकों से काम करा रहा था। इससे यह घटना हुई। यदि पूरी सुरक्षा के साथ काम कराया जाता तो जान बच जाती। इससे पहले भी डहर्रा पहाड़ में काम करते समय कई श्रमिकों की मौत हो चुकी है। अस्पताल प्रशासन की सूचना पर पुलिस ने अस्पताल पहुंच जांच की।
घटना से पत्नी रामसखी, पुत्री रचना, सुलोचना और पुत्र शीनू का रो-रोकर बुरा हाल रहा। कोतवाली प्रभारी दुर्गविजय सिंह का कहना है कि मामला संज्ञान में आया है। अभी तक परिजनों ने किसी प्रकार की तहरीर नहीं दी है। तहरीर मिलने पर रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।