महोबा। गांजा बेचने के छह वर्ष पुराने मामले में विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट/अपर सत्र न्यायाधीश अवनीश कुमार राय ने सोमवार को फैसला सुनाया। दोषी को आठ वर्ष के सश्रम कारावास व 50 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। जुर्माना अदा न करने पर आठ माह की अतिरिक्त सजा का प्रावधान किया गया है।
शहर कोतवाली के तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक एमपी वर्मा वर्ष 2015 में पुलिस फोर्स के साथ गश्त पर थे। सर्विलांस टीम भी मौके पर आ गई। समदनगर होते हुए छतरपुर रोड में जाते समय मस्जिद के समीप एक युवक कंधे पर बोरा रखे आता दिखाई दिया। पुलिस ने घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया।
पूछताछ में युवक ने अपना नाम इश्हाक निवासी नूरानी कॉलोनी चौक बाजार बसारी गेट छतरपुर बताया। आरोपी के पास से 17 किलो गांजा बरामद किया गया। युवक ने बताया कि वह गांजा छतरपुर से लाया है और यहां एक युवक को देना हैं। पुलिस ने गांजा बरामद कर एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया।
विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट अवनीश कुमार राय ने सुनवाई के बाद फैसला सुनाया। सहायक शासकीय अधिवक्ता सुरेंद्र प्रताप सिंह राजपूत ने बताया कि अभियुक्त इश्हाक को आठ वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई गई। साथ ही 50 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया गया। अर्थदंड की अदायगी न करने पर अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। अभियुक्त द्वारा जेल में बिताई गई अवधि इस सजा में समायोजित की जाएगी।