फाइलेरिया उन्मूलन के लिए जागरुकता की जरूरत
- नौतनवां और सदर सीएचसी पर आशा कार्यकर्ताओं को दिया गया प्रशिक्षण
संवाद न्यूज एजेंसी
महराजगंज। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सदर की आशा कार्यकर्ताओं को सीएचसी सभागार में अधीक्षक डॉ. केपी सिंह ने फाइलेरिया उन्मूलन के बारे में प्रशिक्षित किया गया। उन्होंने कहा कि फाइलेरिया उन्मूलन के लिए लोगों में जागरुकता लाने की जरूरत है। सभी आशा कार्यकर्ता अपने-अपने गांव में लोगों को फाइलेरिया के प्रति जागरूक करें। 12 से 27 मई तक चलने वाले सामूहिक दवा सेवन कार्यक्रम (एमडीए राउंड) के दौरान अपने सामने दवा खिलाएं।
स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी श्रीभागवत सिंह ने कहा कि 12 मई से लोगों को फाइलेरिया से बचाव की दवा खिलाने का अभियान चलेगा। अभियान में जन्म से दो वर्ष तक के बच्चों, गर्भवती व गंभीर रूप से बीमार व्यक्ति को दवा नहीं देनी है। जिस किसी को दवा दें, उसे अपने सामने खिलाएं। खाली पेट दवा नहीं खानी है। करमहा, नेता सुरहुरवा, चौपारिया, पकड़ी अमहवा, सिसवनिया, बांसपार आशा को प्रशिक्षण दिया गया। 174 टीमें व 29 पर्यवेक्षक टीम बनी है। बीसीपीएम लवली वर्मा ने बताया कि यदि किसी भी व्यक्ति को दवा खिलाने के बाद कोई विपरीत स्थिति पैदा होती है, तो टीम अपने पर्यवेक्षक को तुरंत सूचित करें। राकेश त्रिपाठी ने आशा को मलेरिया की स्लाइड बनाने का तरीका बताया। इस दौरान सहयोगी संस्था पाथ के डॉ. नितिन, रूपा , कालिंदी, शकुंतला, मीरा, नगीना, शकुंतला, किरण, रामशीला पटेल, उत्तमा, संगिनी, सत्यावती, संगिनी कमलावती आदि मौजूद रहे।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नौतनवां से जुड़ी आशा कार्यकर्ताओं के तीन दिवसीय प्रशिक्षण के दूसरे दिन प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. अखिलेश यादव ने जरूरी जानकारी दी। पाथ संस्था के रीजनल समन्वयक डॉ. मनक्कादन नीतिने गोपी ने बताया कि फाइलेरिया से बचने के लिए मच्छरदानी का प्रयोग करें। इस दौरान निर्मला, प्रिया पासवान, सुनीता देवी, कौशिल्या गुप्ता, मीरा देवी, संगीता, शशिकला, मंजू यादव, अनीता यादव, इंद्रावती आदि मौजूद रही।