ललितपुर। सिंचाई बंधु की बैठक में बीजों की कालाबाजारी पर रोक लगाए जाने की मांग की गई। इसके अलावा सभी बांधों से निकलीं नहरों की टेल तक पानी पहुंचाने का मुद्दा भी उठाया गया। जिला पंचायत सभागार में हुई इस बैठक में
सिंचाई बंधुओं समेत उपाध्यक्ष भूपेंद्र सिंह ने जिला कृषि अधिकारी के अनुपस्थित रहने पर नाराजगी जताई।
बैठक में अधिशासी अभियंता सिंचाई विभाग ने जनपद में नहरों की समुचित साफ-सफाई का विवरण देते हुए बताया कि नहरों की कटिंग व टेल फीडिंग, नहरों के संचालन के लिए रोस्टर की तैयारी चल रही है। नहरों के कुलावों की व्यवस्था, नलकूपों की बंदी के बारे में जानकारी दी। जनपद के बांधों से निकली नहरों की टेलों तक पानी पहुंचाने का कार्य सिंचाई विभाग द्वारा किया जाता है। किसानों ने अपनी समस्याओं के समाधान की मांग की। जिसमें बताया कि महरौनी में मुड़िया नहर की सफाई टेल तक कराई जाए, जिससे टेल तक पानी पहुंच सके। जिन तालाबों में बारिश के पानी से सिल्ट का जमाव हो गया है, उनकी सफाई कराई जाए, जिससे तालाबों में पानी की क्षमता में वृद्धि हो सके।
इसके अलावा सभी बांधों से निकलीं नहरों की टेल तक पानी पहुंचाया जाए, जिससे कृषकों को पर्याप्त मात्रा में पानी मिल सके। सैदपुर फार्म में कुछ कृषकों द्वारा खांदी करके नहर का मार्ग परिवर्तित कर दिया जाता है, जिससे अन्य कृषकों को कृषि कार्य में बाधा उत्पन्न हो रही है, इसका समाधान कराया जाए। बीजों की कालाबाजारी पर रोक लगाए जाने की मांग की है, जो पाइपलाइन जल निगम द्वारा बिछाई जा रही है, वहां पर कार्य होने के पश्चात सीसी रोड/सड़क की मरम्मत कराई जाए, जिससे आवागमन में बाधा उत्पन्न न हो। बैठक में सुरेंद्र कुमार पंथ, सहायक अभियंता सिंचाई हरिओम चक, अधिशासी अभियंता विद्युत वितरण खंड विमल कुमार, जिला उद्यान अधिकारी परवेज खान, दरयाव सिंह, कृषक प्रतिनिधि बाबूलाल दुबे आदि विभागीय अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे।