बाघ के मादा शावक का शव। (फाइल फोटो)
आईवीआरआई से आई पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुआ खुलासा
बांकेगंज। दुधवा टाइगर रिजर्व बफरजोन के भरिगवां जंगल में सड़क किनारे मृत मिले बाघ के मादा शावक की मौत किसी वाहन की चपेट में आने से हुई थी। बरेली स्थित आईवीआरआई में हुए शव के पोस्टमार्टम में इस बात की पुष्टि हुई है।
दुधवा टाइगर रिजर्व बफरजोन की मैलानी रेंज की भरिगवां बीट के जंगल के उत्तर कठिना कंपार्टमेंट तीन में रविवार की सुबह सड़क किनारे एक मादा बाघ शावक का शव मिला था। जिसे पोस्टमार्टम के लिए आईवीआरआई बरेली भेजा गया था। सोमवार को शव का पोस्टमार्टम विशेषज्ञ पशु चिकित्सकों के पैनल ने किया और पाया कि बाघ शावक की कूल्हे की हड्डी टूटी थी। जिससे उसके अंदरूनी अंगों में रक्त बहने लगा। इससे इस बात की पुष्टि होती है कि बाघ शावक की मौत किसी तेज रफ्तार वाहन की चपेट में आने से हुई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में दो दिन पहले किए गए जंगली सुअर के शिकार के बाद खाया गया मांस भी बाघ शावक के पेट में पाया गया है।
टाइगर रिजर्व बफरजोन के उपनिदेशक डॉ. अनिल कुमार पटेल ने बताया कि पोस्टमार्टम से पहले अपर मुख्य वन संरक्षक (प्रोजेक्ट टाइगर) कमलेश कुमार और दुधवा टाइगर रिजर्व के पशु चिकित्सक डॉ. दया शंकर ने भी शव का परीक्षण करने के बाद सड़क हादसे में शावक की मौत की आशंका जताई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में इस बात की पुष्टि हो गई है। उन्होंने बताया शव का अंतिम संस्कार राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (एनटीसीए) की गाइड लाइन के अनुसार कर दिया गया है।