चीनी मिल अधिकारियों के साथ बात करते गोला विधायक।
वायदे के अनुसार दिवाली पर गन्ना किसानों का बकाया भुगतान न करने पर गुस्साए विधायक
डीएम के हस्तक्षेप करने पर मिल के दोनों अधिकारियों को छोड़ा गया।
गोला गोकर्णनाथ। गोला चीनी मिल के यूनिट हेड ओमपाल सिंह और फैक्ट्री मैनेजर आरके मिश्र को वायदा करने के बावजूद गन्ने का बकाया भुगतान 30 नवंबर तक न करना महंगा पड़ गया। विधायक ने बुधवार को दोनों अधिकारियों को करीब पांच घंटे तक चीनी मिल के दोनों अधिकारियों को अपने आवास में बैठाए रखा। डीएम के हस्तक्षेप पर 10 नवंबर तक भुगताने करने के आश्वासन पर दोनों अधिकारियों को छोड़ा गया।
विधायक अरविंद गिरी से बुधवार सुबह 10 बजे गोला चीनी मिल के यूनिट हेड ओमपाल सिंह और फैक्ट्री मैनेजर अ
ारके मिश्र से गन्ना किसानों के बकाया भुगतान के संबंध में बातचीत करने पहुंचे। विधायक ने चीनी मिल के दोनों अधिकारियों को अपने घर के एक कमरे में बैठा लिया। कहा कि भुगतान न होने पर चीनी मिल के दोनों अधिकारी यहीं दिवाली मनाएंगे। विधायक ने इस संबंध में डीएम, भाजपा जिलाध्यक्ष आदि को सूचित भी कर दिया था। विधायक ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रयासों से प्रदेश की चीनी मिलों को 4200 करोड़ रुपये भुगतान उनकी स्थिति सुधारने और किसानों को बकाया भुगतान करने के लिए केंद्र सरकार से दिलवाया हे। सभी चीनी मिलें किसानों का भुगतान कर रही हैं, लेकिन बजाज समूह की गोला चीनी मिल ने 14 सितंबर 2021 के बाद कोई भुगतान नहीं किया है। उन्होंने कहा कि गोला चीनी मिल की इस वायदा खिलाफी से वह अत्यंत क्षुब्ध है।
करीब पांच घंटे बाद बुधवार देर शाम डीएम महेंद्र बहादुर सिंह के आश्वासन पर चीनी मिल के अधिकारियों ने 10 नवंबर तक पिछले पेराई सत्र का 20 दिसंबर तक का भुगतान और 30 नवंबर तक पूरा भुगतान करने का आश्वासन दिया। इसके बाद चीनी मिल के यूनिट हेड ओमपाल सिंह और फैक्ट्री मैनेजर आरके मिश्रा को जाने दिया गया।