2011 में लिया था 33 हजार का कर्ज, 11 साल बाद वसूली के लिए पहुंचने पर धमकाने का आरोप
सिकंद्राबाद। नीमगांव थाना क्षेत्र के जम्हौरा गांव में कर्ज अदायगी के लिए बैंक के दबाव से आहत एक किसान की दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई। किसान के पुत्र ने पुलिस को तहरीर देकर बैंक कर्मी पर धमकाने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की है।
जम्हौरा निवासी दिलीप कुमार ने बताया कि उसके पिता राम प्रसाद (57) ने वर्ष 2011 में 33 हजार रुपये का किसान क्रेडिट कार्ड बनवाया था। वर्ष 2017 में बैंक जाने पर मालूम हुआ कि उसका कर्ज माफ हो गया है। कहा गया कि नोड्यूज दो तीन दिन में ले लेना। कई चक्कर लगाने के बाद भी नो ड्यूज नहीं मिला।
बीती 26 फरवरी को राम प्रसाद को पूर्व प्रधान के दरवाजे पर बुलाकर दो मार्च तक पूरा कर्जा एक लाख 29 हजार रुपये जमा करने को कहा। न अदा करने पर जेल भेजने की धमकी दी। आरोप है कि इतना सुनते ही राम प्रसाद को दिल का दौरा पड़ा और वह बेहोश हो गए। उन्हें एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां सोमवार रात उनकी मौत हो गई।
मृतक के पुत्र दिलीप कुमार का आरोप है कि पंजाब नेशनल बैंक, सिकंद्राबाद शाखा के फील्ड आफीसर की धमकी के कारण ही उसके पिता की मौत हुई। पुलिस ने बताया कि तहरीर मिली है, जांच की जा रही है। पंजाब नेशनल बैंक के रिकवरी एजेंट विनीत कुमार ने बताया कि कुछ लोगों के एकाउंट एनपीए होने वाले थे। ऐसे लोगों को ब्याज जमा करने के लिए कहा गया था। धमकी जैसी कोई बात नहीं है।
अब तक मामला मेरे संज्ञान में नहीं आया है। जानकारी आने पर पूरे प्रकरण की जांच कराई जाएगी। आरोप सही मिलने पर संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
- विधेश, एसडीएम मितौली