- छेड़छाड़ से तंग आकर पुत्री ने की थी आत्महत्या
- बोला, बड़े पुत्र को आरोपी ने बेल्टों से था पीटा
छेड़छाड़ से तंग आकर किशोरी द्वारा फांसी लगाकर की गई आत्महत्या के मामले में पुलिस ने मृतका की मां की तहरीर को दरकिनार कर दिया। मृतका के पिता की मानें तो थाने के दीवान ने छेड़छाड़ की तहरीर खुद बोलकर अपने मन मुताबिक एक मुंशी से लिखवाई और उसकी पत्नी का अंगूठा लगवा लिया। आरोप है कि पुलिस ने असलियत छिपाते हुए धाराओं में खेल कर रिपोर्ट दर्ज की है। उधर, पुलिस दूसरे दिन भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर सकी है।
बता दें कि 18 दिसंबर को थाना ईसानगर क्षेत्र की एक 15 वर्षीय किशोरी ने घर के अंदर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। मृतका के पिता ने बताया कि कई साल पहले उसका घर नदी में समा चुका है। पुलिस पिकेट के निकट पीलीभीत बस्ती सड़क के किनारे सरकारी जमीन में गुजर बसर करते हैं। वह गोंडा में मजदूरी करता है। घर पर पत्नी, पुत्री और दो पुत्र रहते हैं। पड़ोस में उसके साढ़ू भी परिवार समेत रह रहे हैं। पत्नी मायके गई थी। घर पर पुत्री और 10 और आठ साल का पुत्र था। आरोपी गांव रसूलपुर निवासी अमरेश जायसवाल की पास में ही पान की दुकान है। 17 दिसंबर को अमरेश दोपहर उसके घर घुस आया और पुत्री से छेड़छाड़ करने लगा। यह देख 10 साल का पुत्र पड़ोस में रह रहे अपने मौसा के घर पहुंचा और उन्हें बुलाकर लाया। उन्होंने बताया कि जब साढ़ू घर पहुंचे और विरोध जताते हुए पुलिस पिकेट जाने की धमकी दी तो आरोपी ने उन पर तमंचा तान दिया। पुलिस से शिकायत करने पर गोली मार देने की धमकी दी। साढ़ू को बुलाकर लाने से नाराज आरोपी ने उसके पुत्र को बेल्टों से पीटा और वहां से चला गया। इससे आहत पुत्री ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। उन्होंने बताया कि पत्नी ने पूरे घटनाक्रम की तहरीर पुलिस को दी थी। तहरीर देखने के बाद पुलिस ने फाड़कर फेंक दी और थाने के एक दीवान ने बोलकर मुंशी से दूसरी तहरीर लिखवाई। बाद में उसकी पत्नी का अंगूठा लगवा लिया। रिपोर्ट में पुलिस ने क्या लिखा उसे नहीं मालूम है। रिपोर्ट में पुलिस ने रास्ते में छेड़छाड़ करने की बात दर्शाते हुए आत्महत्या के लिए प्रेरित करने का मामला दर्ज किया है। एसओ शिवानंद यादव ने बताया की जो पुलिस को तहरीर दी गई है, उसी के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। तहरीर बदलवाने की बाद गलत है।
तीन डॉक्टरों के पैनल से हुआ पोस्टमार्टम
किशोरी का पोस्टमार्टम महिला समेत तीन डॉक्टरों का पैनल गठित कर किया गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में रेप की पुष्टि नहीं हुई है। किशोरी की मौत की वजह फांसी लगने से होने की पुष्टि की गई है।
साल भर पहले भी की थी छेड़छाड़
मृतक किशोरी के पिता ने बताया कि आरोपी ने एक साल पहले भी उस की पुत्री के साथ छेड़छाड़ की थी। उस समय उसने पुलिस को तहरीर दी थी, जिसकी रिपोर्ट भी दर्ज हुई थी, लेकिन बाद में लोगों ने दबाव बनाकर समझौता करा दिया था।